बलरामपुर
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
राजपुर, 25 अप्रैल। ग्रामीणों की बहुप्रतीक्षित मांग नरसिंहपुर-मरकाडांड महान नदी पर उच्चस्तरीय पुलिया निर्माण होगा। लगभग 10 करोड़ रुपए की लागत से बनने वाले इस पुल के निर्माण के लिए क्षेत्रीय विधायक उदेश्वरी पैकरा ने भूमिपूजन किया।
विधायक ने कहा कि प्रदेश सरकार लगातार जनता के हित में कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि बीते कुछ वर्षों तक क्षेत्र में भाजपा का विधायक नहीं होने के कारण विकास कार्य प्रभावित रहे, लेकिन अब जनता की मांगों के अनुरूप लगातार विकास कार्य कराए जा रहे हैं और आगे भी जारी रहेंगे।
कार्यक्रम को पूर्व विधायक सिद्धनाथ पैकरा, जनपद अध्यक्ष विनय भगत, उपाध्यक्ष आकाश अग्रवाल, जनपद सदस्य शिवनाथ जायसवाल और प्रवीण अग्रवाल ने भी संबोधित किया।
भूमिपूजन के दौरान ग्रामीणों ने विधायक के समक्ष नरसिंहपुर में धान खरीदी केंद्र खोलने, पहाड़ी कोरवा बस्ती में लिफ्ट एरिगेशन सुविधा, विद्युत उपकेंद्र स्थापना, नरसिंहपुर से हडीह तथा रजडेरा चौक से तूरा झरिया तक सडक़ निर्माण, हडीह क्षेत्र में सिंचाई के लिए विद्युत विस्तार तथा नरसिंहपुर हाई स्कूल को उन्नयन कर हाई सेकेंडरी बनाने की मांग भी रखी।
इस दौरान धर्मपाल जायसवाल, उदय यादव, बबलू यादव, सरपंच शंभू राम शांडिल्य, सतेंद्र यादव, प्रकाश यादव, साधु राम, उद्वेश्य यादव, सुखनंदन राम, देवसाय टेकाम, झरी राम, ईश्वर राम, प्रवीण सिंह, पप्पू राम सहित ग्राम परसागुड़ी, चिलमा, दुप्पी, मरकाडांड और चौरा क्षेत्र के सैकड़ों ग्रामीण उपस्थित रहे। कार्यक्रम का मंच संचालन एवं आभार प्रदर्शन नरसिंहपुर उपसरपंच सतीश सिंह ने किया।
2007 में हुई थी पुल निर्माण की घोषणा
वर्ष 2007 में तत्कालीन मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह की विकास यात्रा के दौरान उनका हेलीकॉप्टर आकस्मिक रूप से नरसिंहपुर में उतरा था। उस समय ग्रामीणों की मांग पर उन्होंने पुलिया निर्माण की घोषणा की थी, लेकिन तकनीकी कारणों से यह मांग करीब 19 वर्षों तक लंबित रही। अब भूमिपूजन के साथ ही ग्रामीणों में हर्ष का माहौल है।
मुख्यालय तक दूरी होगी कम, किसानों को मिलेगा लाभ
नरसिंहपुर-मरकाडांड महान नदी पर पुलिया बनने से राजपुर जनपद क्षेत्र के ग्राम दुप्पी, मरकाडांड और चौरा के ग्रामीणों को राजपुर मुख्यालय आने-जाने में लंबी दूरी से राहत मिलेगी। साथ ही क्षेत्र के सैकड़ों किसानों को केरता शक्कर कारखाना तक गन्ना परिवहन में होने वाली परेशानी से भी निजात मिलेगी। यह मार्ग जशपुर क्षेत्र से आने वाले राहगीरों को राजपुर, प्रतापपुर, वाड्रफनगर होते हुए उत्तर प्रदेश मार्ग से जोडऩे में भी सहायक होगा।


