रायपुर
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
रायपुर, 10 जनवरी। मनरेगा बचाओ संग्राम अभियान के अंतर्गत आज पूर्व मंत्री ताम्रध्वज साहू ने पत्रकारों को संबोधित करते हुए कहा कि केंद्र की भाजपा सरकार सुनियोजित तरीके से महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम (मनरेगा) को कमजोर करने का काम कर रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि मनरेगा से महात्मा गांधी के नाम को हटाने की साजिश न केवल राष्ट्रपिता का अपमान है, बल्कि ग्रामीण गरीबों, मजदूरों और किसानों के अधिकारों पर सीधा हमला है।
श्री साहू ने कहा कि मनरेगा देश के करोड़ों ग्रामीण परिवारों के लिए रोजगार की गारंटी, न्यूनतम मजदूरी और सम्मानजनक जीवन का आधार है। लेकिन केंद्र सरकार द्वारा लाई जा रही तथाकथित वीबीजी राम जी योजना के माध्यम से मनरेगा की मूल भावना को समाप्त करने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि यह नई योजना मनरेगा के संवैधानिक अधिकारों को खत्म कर, ठेकेदारी व्यवस्था और मनमानी को बढ़ावा देगी।
उन्होंने आगे कहा कि भाजपा सरकार लगातार मनरेगा के बजट में कटौती कर रही है, मजदूरी भुगतान में देरी हो रही है और राज्यों पर अतिरिक्त वित्तीय बोझ डाला जा रहा है, जिससे ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार के अवसर घट रहे हैं। यह गरीब विरोधी और मजदूर विरोधी नीति कांग्रेस कभी स्वीकार नहीं करेगी।


