रायपुर
अभी भी आरक्षण के संबंध में अधिकारी भ्रमित
अनियमित कर्मचारियों के लिए संघर्ष के लिए आप पार्टी के युवा मोर्चा ने विजय झा का स्वागत किया
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
रायपुर, 11 मई। सामान्य प्रशासन विभाग द्वारा जारी पदोन्नति नियम 2003 के प्रावधानों के नियम 5 के अनुसार 100 बिंदु आरक्षण न्यायालय में विचाराधीन होने के कारण सक्षम अधिकारी पदोन्नति प्रक्रिया से हाथ खींच रहे थे। अब सर्वोच्च न्यायालय द्वारा आदेश पारित किए जाने के बाद तत्काल पदोन्नति की कार्यवाही प्रारंभ होनी चाहिए। जहां एक ओर शिक्षा विभाग में ताबड़तोड़ पदोन्नति हो रही है। वहीं स्वास्थ विभाग के अधिकारी अभी भी मार्गदर्शन मांग रहे हैं।
कर्मचारी नेता विजय कुमार झा ने कहा है कि सर्वोच्च यायालय के 58 प्रतिशत आरक्षण पर लगे स्थगन को समाप्त करने के बाद विभागों में जिस तेजी से भर्ती प्रक्रिया जारी है। वैसे ही पदोन्नति की प्रक्रिया भी प्रारंभ होनी चाहिए। प्रदेश के अधिकारी अभी भी पदोन्नति में आरक्षण देना अथवा नहीं देना, आरक्षण देना तो 50त्न अथवा 58त्न किसे लागू किया जाए दिग्भ्रमित हैं। इसी का परिणाम है कि अधिकारी मार्गदर्शन मांग रहे हैं। सामान्य ज्ञान है कि जिस हिसाब से शिक्षा विभाग में पदोन्नति हो रही है वही नियम स्वास्थ्य, राजस्व, जल संसाधन व लोक निर्माण में लागू होगा। वर्तमान व्यवस्था के अंतर्गत पदोन्नति में आरक्षण की व्यवस्था नहीं है इसके बाद भी अधिकारियों ने भ्रम पैदा कर संभाग आयुक्त रायपुर राजस्व विभाग आरक्षण लागू कर पदोन्नति दे रहे हैं, वही कलेक्टर रायपुर बिना आरक्षण के पदोन्नति दे रहे हैं।


