महासमुन्द
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
महासमुन्द, 15 फरवरी। छत्तीसगढ़ शासन के स्कूल शिक्षा विभाग ने महासमुन्द में बडा प्रशासनिक फैसला लेते हुए प्रभारी जिला शिक्षा अधिकारी की जिम्मेदारी बदल दी गई है।
जारी आदेश के अनुसार प्राचार्य मूल पदधारी विजय लहरे जो अब तक जिला शिक्षा अधिकारी महासमुन्द का प्रभार संभाल रहे थे, उन्हे तत्काल प्रभाव से जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान में अस्थायी प्राचार्य बनाकर पदस्थ किया गया है। वे आगामी आदेश तक वही कार्य करेंगे।
मालूम हो कि डीईओ विजय कुमार लहरे विवादों में कुछ समय से थे। शासकीय मिडिल स्कूल मोहगांव के मामले में दूषित जांच प्रतिवेदन देने पर इनकी शिकायत हुई है। वहीं चौथी कक्षा के प्रश्नपत्र में ‘कुत्ते का नाम शेरू अथवा राम’ मामला काफी विवादित रहा है।
आरटीआई कार्यकर्ता विनोद कुमार दास ने डीईओ विजय लहरे के द्वारा प्रश्नपत्र सही मुद्रित हो सके इसके लिए कोई प्रक्रिया तय नहीं करने का आरोप लगाया था। जिसकी शिकायत शिक्षा मंत्री गजेन्द्र यादव एवं सिद्वार्थ कोमल परदेशी सचिव स्कूल शिक्षा विभाग से 12 जनवरी को किया है।
इस मामले में स्कूल शिक्षा विभाग ने लोक शिक्षण संचालनालय छत्तीसगढ़ से अभिमत सहित रिपोर्ट प्रस्तुत करने का आदेश 9 फरवरी को दिया है। बहरहाल अब इस मामले में रिपोर्ट मिलने के बाद आगे विभागीय कार्रवाई होने का अंदेशा है।


