ताजा खबर
नयी दिल्ली, 28 अगस्त। दिल्ली विश्वविद्यालय शिक्षक संघ के आहवान पर शुक्रवार को दिल्ली विश्वविद्यालय के एक कालेज में शिक्षकों ने धरना दिया। धरना दौलतराम कॉलेज के मनोविज्ञान विभाग में एक दलित शिक्षिका को ज्वाइनिंग के बाद क्लास न दिए जाने के विरोध में था। कॉलेज प्रिंसिपल के कार्यालय के बाहर इस प्रदर्शन में 50 से अधिक शिक्षक शामिल हुए। डूटा अध्यक्ष डॉ. राजीव रे के साथ डॉ. आदित्य नारायण मिश्रा ,डॉ. राजेश झा और आम आदमी पार्टी के शिक्षक संगठन और दिल्ली टीचर्स एसोसिएशन के प्रभारी प्रोफेसर हंसराज ने भी यहां अपना विरोध दर्ज कराया। लगभग दो घंटे तक कॉलेज में प्रिंसिपल के खिलाफ नारेबाजी चलती रही।
दिल्ली टीचर्स एसोसिएशन के प्रभारी प्रोफेसर हंसराज ने कहा, "दौलतराम कॉलेज के मनोविज्ञान विभाग में एक एडहॉक टीचर को 10 अगस्त को ज्वाइन तो करा लिया गया। उन्हें पढ़ाने के लिए टाइम टेबल भी दे दिया गया, लेकिन अब तक छात्राओं की लिस्ट , टीचर्स को दिया जाने वाला लिंक नहीं दिया गया।"
प्रदर्शनकारी शिक्षकों ने कहा, "शैक्षिक सत्र 2020-21 में सभी एडहॉक टीचर्स को ज्वाइन करा लिया है, केवल इसी महिला टीचर को क्लास नहीं दी गई। केवल इसी शिक्षिक को कक्षाओं का लिंक क्यों नहीं दिया गया।"
प्रोफेसर हंसराज ने कहा, "दौलतराम कॉलेज के मनोविज्ञान विभाग में एडहॉक शिक्षिका अगस्त 2019 से पढ़ा रही है। वह जिस पद पर हैं, विभाग में स्थायी रूप में हैं, लेकिन न जाने किस कारण से उनको ज्वाइन कराने के बाद अभी तक लिंक नहीं दिया गया। जब सभी शिक्षिकाएं कक्षाएं ले रही हैं तो इन्हें लिंक न देने के पीछे कॉलेज की क्या मंशा है।"
प्रोफेसर सुमन ने बताया है कि कॉलेज का शैक्षिक सत्र प्रारंभ हुए 18 दिन हो गए हैं। इस वर्ष कोविड-19 महामारी के चलते संकट की इस घड़ी में कॉलेजों ने अपने यहां सभी एडहॉक टीचर्स को ज्वाइन कराया है , दौलतराम कॉलेज ने ज्वाइन तो करा लिया पर छात्राओं की लिस्ट, छात्राओं को पढ़ाने का लिंक नहीं दिया जिससे एडहॉक शिक्षिका पिछले दो सप्ताह से तनाव में हैं।"
धरना प्रदर्शन में डॉ. प्रेमचंद पूर्व डूटा सचिव डॉ. संदीप कुमार ,सचिव राजेन्द्र सिंह ,आलोक पांडेय के अलावा कई शिक्षक मौजूद रहे।(IANS)


