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‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
कोरबा, 26 अप्रैल। कोरबा पुलिस ने शहर के निहारिका क्षेत्र स्थित दिव्या ज्वेलर्स में हुई लाखों की चोरी का खुलासा महज 18 घंटे के भीतर कर लिया है। इस मामले में पुलिस ने तीन महिलाओं सहित अंतरराज्यीय गिरोह के पांच आरोपियों को ओडिशा के संबलपुर से गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे से चोरी गए करीब 4.5 लाख रुपए के जेवर और वारदात में प्रयुक्त कार भी जब्त की गई है।
प्रार्थी अखिल कुमार देवांगन (निवासी एमपीटी नगर, सिविल लाइन-रामपुर थाना क्षेत्र) ने शिकायत दर्ज कराई थी कि 24 अप्रैल की दोपहर करीब 12:15 बजे तीन महिलाएं ग्राहक बनकर उनकी दुकान में आईं। गहने देखने के दौरान उन्होंने मौका पाकर सोने की चेन और लॉकेट पार कर दिए और फरार हो गईं।
घटना के तुरंत बाद सीएसपी प्रतीक चतुर्वेदी के नेतृत्व में पुलिस टीम गठित कर जांच शुरू की गई। शहर के विभिन्न व्यापारिक प्रतिष्ठानों में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली गई। इसी दौरान जिला ऑटो संघ की मदद से एक ऑटो चालक ने जानकारी दी कि उसने इन महिलाओं को निहारिका इलाके में छोड़ा था। इसके आधार पर पुलिस ने उस होटल का पता लगाया जहां आरोपी ठहरे थे। जांच में सामने आया कि वे पश्चिम बंगाल नंबर की कार से आए थे और होटल छोड़कर उसी कार से चले गए हैं।
पुलिस टीम ने आरोपियों के भागने के रूट को ट्रैक करते हुए ओडिशा के संबलपुर पहुंचकर होटल में दबिश दी, जहां सभी आरोपी शराब पार्टी कर रहे थे। मौके से पांचों को गिरफ्तार कर लिया गया।
गिरफ्तार आरोपियों में नासिर मोल्ला, सजना बीबी, मिथुन चक्रवर्ती, तपसी दास और गुलाबी दास (सभी निवासी उत्तर 24 परगना, पश्चिम बंगाल) शामिल हैं।
पुलिस पूछताछ में खुलासा हुआ कि यह गिरोह बेहद सुनियोजित तरीके से वारदात करता था। महिलाएं ग्राहक बनकर ज्वेलरी शॉप में प्रवेश करती थीं और दुकानदार का ध्यान भटकाकर गहने चोरी कर लेती थीं। वहीं पुरुष सदस्य पास में कार लेकर तैयार रहते थे, जिससे सभी आरोपी तुरंत दूसरे शहर या राज्य भाग जाते थे।
पूछताछ में आरोपियों ने पश्चिम बंगाल के राणाघाट, मालदा और सिलीगुड़ी समेत अन्य शहरों में भी इसी तरह की वारदात करना स्वीकार किया है। छत्तीसगढ़ के अन्य शहरों में भी इनके सक्रिय होने की जानकारी मिली है।
पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 305 (ए) के तहत मामला दर्ज कर न्यायालय में पेश किया है। साथ ही अन्य मामलों में इनकी संलिप्तता की जांच जारी है।
कोरबा पुलिस ने इस मामले के खुलासे में सहयोग के लिए शहर के व्यापारियों और जिला ऑटो संघ का आभार जताया है। पुलिस का कहना है कि सीसीटीवी कैमरों और आम लोगों के सहयोग से ही इतनी जल्दी सफलता मिल सकी।


