अंतरराष्ट्रीय
ईरान में लगातार 12 दिन से सरकार विरोधी प्रदर्शन जारी हैं. ये प्रदर्शन राजधानी तेहरान सहित देश के अन्य कई शहरों में हो रहे हैं.
अमेरिका की ह्यूमन राइट्स एक्टिविस्ट न्यूज़ एजेंसी की रिपोर्ट के अनुसार, इन प्रदर्शनों के दौरान कम से कम 34 प्रदर्शनकारी और चार सुरक्षाकर्मी मारे गए हैं. इसके साथ ही दो हज़ार से ज़्यादा प्रदर्शनकारियों को गिरफ़्तार किया गया है.
एक मॉनिटरिंग ग्रुप के मुताबिक़ इन प्रदर्शनों के दौरान पूरे देश में इंटरनेट सेवा बंद होने लगी है.
समाचार एजेंसी रॉयटर्स का कहना है कि इंटरनेट मॉनिटरिंग ग्रुप नेटब्लॉक्स ने बताया कि गुरुवार को देशव्यापी विरोध प्रदर्शनों के दौरान तेहरान और ईरान के कई अन्य हिस्सों में डिजिटल ब्लैकआउट हुआ और इंटरनेट कनेक्टिविटी ठप हो गई.
ईरान के दिवंगत शाह के निर्वासित बेटे रज़ा पहलवी ने गुरुवार को स्थानीय समय के अनुसार रात 8:00 बजे विरोध प्रदर्शनों को जारी रखने का आह्वान किया.
उन्होंने सोशल मीडिया एक्स पर लिखा, “आज रात, लाखों ईरानी अपनी आज़ादी के लिए उठ खड़े हुए. ईरानी सरकार का जवाब कम्युनिकेशन चैनलों को पूरी तरह से बंद करना रहा है. उसने इंटरनेट बंद कर दिया है, लैंडलाइन फ़ोन डिसेबल कर दिए हैं, और शायद सैटेलाइट सिग्नल को भी रोकने की कोशिश की जा सकती है.”
उन्होंने लिखा, “मैं राष्ट्रपति ट्रंप की तारीफ़ करता हूँ, आज़ाद दुनिया के नेता के तौर पर, उन्होंने एक बार फिर इस सरकार को जवाबदेह ठहराने की ज़रूरत पर ज़ोर दिया है. अब समय आ गया है कि दूसरे लोग, जिनमें यूरोपीय नेता भी शामिल हैं, उनके नक्शे कदम पर चलें, अपनी चुप्पी तोड़ें, और ज़्यादा मज़बूती से ईरानी लोगों के समर्थन में कार्रवाई करें.” (bbc.com/hindi)


