दुर्ग

सुशासन तिहार : समापन शिविर में योजनाओं और सेवाओं का मिला लाभ
03-Jun-2026 4:12 PM
सुशासन तिहार : समापन शिविर में योजनाओं और सेवाओं का मिला लाभ

‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
भिलाई नगर, 3 जून
। नगर पालिक निगम भिलाई क्षेत्र अंतर्गत सुशासन तिहार 2026 के समापन अवसर पर खुर्सीपार स्थित श्रीराम चौक में भव्य शिविर का आयोजन किया गया।
शिविर में पार्षद दया सिंह, श्याम सुंदर ने बताया बड़ी संख्या में क्षेत्रीय नागरिकों ने पहुंचकर शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं, नागरिक सुविधाओं एवं विभिन्न विभागों द्वारा उपलब्ध कराई जा रही सेवाओं का लाभ प्राप्त किया। पूरे दिन चले इस शिविर में लोगों ने अपनी समस्याओं, मांगों एवं शिकायतों से संबंधित आवेदन प्रस्तुत किए तथा कई मामलों का मौके पर ही निराकरण किया गया।

शिविर में नगर निगम, राजस्व, स्वास्थ्य, महिला एवं बाल विकास, समाज कल्याण सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे। नागरिकों को शासन द्वारा संचालित योजनाओं की विस्तृत जानकारी प्रदान की गई तथा पात्र हितग्राहियों को आवश्यक मार्गदर्शन दिया गया। शिविर के माध्यम से आमजन को शासकीय सेवाएं उनके घर के समीप उपलब्ध कराई गईं, जिससे लोगों को कार्यालयों के चक्कर लगाने से राहत मिली।
इस अवसर पर निगम अधिकारियों ने बताया कि सुशासन तिहार का मुख्य उद्देश्य शासन और जनता के बीच सीधा संवाद स्थापित कर लोगों की समस्याओं का त्वरित समाधान करना है। शिविर में प्राप्त आवेदनों का गंभीरता से परीक्षण कर समय-सीमा के भीतर निराकरण सुनिश्चित किया जाएगा। नागरिकों ने भी इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे शिविरों से आम लोगों को अपनी समस्याएं सीधे अधिकारियों तक पहुंचाने का अवसर मिलता है और समाधान की प्रक्रिया अधिक सरल एवं प्रभावी बनती है। 

शिविर में स्वास्थ्य संबंधी परामर्श, स्वच्छता जागरूकता, कर संबंधी जानकारी, जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्र, विभिन्न प्रमाण.पत्रों की जानकारी तथा अन्य नागरिक सुविधाओं से संबंधित सेवाएं भी उपलब्ध कराई गईं। बड़ी संख्या में महिलाओं, वरिष्ठ नागरिकों एवं युवाओं ने शिविर में भाग लेकर योजनाओं की जानकारी प्राप्त की और आवश्यक आवेदन प्रस्तुत किए। सुशासन तिहार 2026 के समापन शिविर के सफल आयोजन से क्षेत्र के नागरिकों में उत्साह देखा गया। नगर पालिक निगम भिलाई द्वारा आयोजित इस पहल को जनसुविधाओं के विस्तार और प्रशासनिक पारदर्शिता की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

-


अन्य पोस्ट