बिलासपुर
करगीरोड (कोटा), 14 जनवरी। बिलासपुर जिले के कोटा मंडल में एक हिंदू सम्मेलन का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में विभिन्न वक्ताओं ने अपने विचार रखे और सांस्कृतिक प्रस्तुतियां भी दी गईं। सम्मेलन में मुख्य वक्ता के रूप में उपस्थित हाईकोर्ट अधिवक्ता दिलमन मिंज ने कहा कि हिंदू समाज विभिन्न जातियों में बंटा हुआ है, लेकिन सभी एक हैं और समाज में एकता बनाए रखना आवश्यक है। उन्होंने धर्म परिवर्तन को रोकने की आवश्यकता पर भी अपने विचार रखे। मुख्य अतिथि के रूप में वृंदावन से आए पुरुषोत्तम आचार्य ने कहा कि सनातन संस्कृति भारत में संत-महात्माओं के मार्गदर्शन में आगे बढ़ती रही है और समाज को साथ लेकर चलती है।
उन्होंने युवाओं से धर्म से जुड़े विषयों में सक्रिय भूमिका निभाने की बात कही।
कार्यक्रम में मातृशक्ति के रूप में उपस्थित डॉ. सपना पवार ने कहा कि हिंदू धर्म और सनातन संस्कृति में एक विशेष दृष्टिकोण है, जिसमें परंपराओं का अपना महत्व है। उन्होंने व्यक्तिगत और सामाजिक जीवन में सनातन परंपराओं के पालन तथा सांस्कृतिक विरासत को अगली पीढ़ी तक संरक्षित रखने की आवश्यकता पर विचार व्यक्त किए।
सम्मेलन के दौरान नगर की श्याम भजन मंडली, हनुमत रामायण मंडली, सरस्वती शिशु मंदिर, अपेक्स इंटरनेशनल स्कूल, कन्या उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, डीकेपी सेजेस स्कूल, नवागांव उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, लिटिल फ्लावर स्कूल, ऋषिका ग्रुप और अमाली राउत नाच मंडली द्वारा सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए गए।
आयोजन में नगर के नागरिकों की उपस्थिति रही। कार्यक्रम के समापन पर भारत माता की आरती की गई तथा सांस्कृतिक प्रस्तुतियां देने वाले बच्चों को प्रशस्ति पत्र प्रदान किए गए। कार्यक्रम के संयोजक विनोद गुप्ता ने आभार प्रदर्शन किया।


