बलौदा बाजार
बलौदाबाजार, 1 जनवरी। स्वास्थ्य विभाग तथा इंटास फाउंडेशन के समन्वय से बलौदाबाज़ार के जि़ला चिकित्सालय में हीमोफीलिया से पीडि़त मरीजों के लिए एक विशेष शिविर का आयोजन किया गया।
इस शिविर के अंतर्गत हीमोफीलिया रोगियों को सेल्फ इन्फ्यूजऩ, फिजियोथेरेपी प्रशिक्षण तथा आवश्यकतानुसार फैक्टर वितरण की सुविधा प्रदान की गई। कार्यक्रम के दौरान मरीजों एवं उनके परिजनों ने अपनी स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं और दैनिक जीवन में होने वाली परेशानियों को मुख्य चिकित्सा व स्वास्थ्य अधिकारी एवं इंटास फाउंडेशन की टीम के साथ साझा किया।यह शिविर एक संवादात्मक (इंटरएक्टिव) सत्र रहा जिसमें फिजियोथेरेपिस्ट द्वारा मरीजों को फिजियोथेरेपी के महत्व के बारे में बताया गया तथा स्टाफ नर्सों के द्वारा उन्हें यह भी सिखाया गया कि वे किस प्रकार सुरक्षित रूप से फैक्टर वायल का उपयोग कर स्वयं इन्फ्यूजऩ कर सकते हैं।
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. राजेश अवस्थी ने बताया कि हीमोफीलिया एक दुर्लभ आनुवांशिक ब्लड डिसऑर्डर है जो ब्लड जमने से रोकता है। हीमोफीलिया से पीडि़त लोगों को आमतौर पर चोट लगने के बाद सामान्य से ज़्यादा समय तक रक्तस्राव होता है और बहुत ज़्यादा रक्तस्राव का खतरा होता है। हीमोफीलिया के इलाज के लिए गायब रक्त के थक्के बनाने वाले कारकों को बदला जाता है।


