महासमुन्द
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
पिथौरा, 23 फरवरी। महासमुंद जिले के विकासखंड पिथौरा के अंतर्गत वन कक्ष क्रमांक 256 पिपरौद और वन कक्ष क्रमांक 287 कंचनपुर को जोडऩे वाला मार्ग अब तक नहीं बन पाया है। रास्ता अभी भी पगडंडी ही है। ग्रामीणों के अनुसार दोनों गांवों के बीच सीधी दूरी लगभग चार किलोमीटर है, लेकिन सडक़ नहीं होने के कारण लोगों को करीब 16 किलोमीटर का रास्ता तय करना पड़ता है।
ग्रामीणों का कहना है कि वे कई वर्षों से कलेक्टर, वन विभाग के अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों को इस संबंध में आवेदन दे चुके हैं, लेकिन अब तक सडक़ निर्माण शुरू नहीं हुआ है।
स्थानीय निवासी राजेश साव ने बताया कि मार्ग के अभाव में एंबुलेंस जैसी सुविधाएं गांव तक नहीं पहुंच पातीं। उनका कहना है कि बीमार और गर्भवती महिलाओं को समय पर उपचार के लिए लंबी दूरी तय करनी पड़ती है।
ग्रामीणों ने मांग की है कि बारिकपाली, पंडरीपानी, कंचनपुर से पिपरौद तथा कंचनपुर से पौसराडीपा तक सडक़ का निर्माण कराया जाए, जिससे क्षेत्र के लोगों को आवागमन में सुविधा मिल सके।


