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केंद्र ने बढ़ाई पिछड़ा वर्ग छात्रवृत्ति, राज्य के विद्यार्थियों को लाभ नहीं
10-Dec-2025 4:55 PM
 केंद्र ने बढ़ाई पिछड़ा वर्ग छात्रवृत्ति, राज्य के विद्यार्थियों को लाभ नहीं

...तो यहां भी बढ़ाया जाएगा-जायसवाल

‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता

रायपुर, 10 दिसंबर। केन्द्र सरकार ने पिछड़ा वर्ग के विद्यार्थियों के लिए छात्रवृत्ति बढ़ा दी है, लेकिन चार साल बाद भी विद्यार्थियों को लाभ नहीं मिल पा रहा है। केन्द्र सरकार ने  पिछड़ा वर्ग छात्रवृत्ति के लिए क्रीमीलेयर की सीमा बढ़ाने के साथ-साथ छात्रवृत्ति में भी बढ़ोतरी की थी। 

पिछड़ा वर्ग कल्याण मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने ‘छत्तीसगढ़’ से चर्चा कहा कि यह विषय उनके संज्ञान में नहीं आया है, लेकिन यदि केन्द्र सरकार ने छात्रवृत्ति की राशि बढ़ाई है, तो यहां भी विद्यार्थियों को इसका फायदा मिलेगा। छात्रवृत्ति की राशि में बढ़ोतरी की जाएगी।

केन्द्र सरकार ने छात्रवृत्ति की योजना के लिए नये निर्देश जारी किए थे। इसके लिए विद्यार्थियों, और अभिभावक की वार्षिक आय सीमा ढाई लाख कर दिया गया। पहले यह सीमा 1 लाख रुपये ही थी। केन्द्र सरकार ने अन्य पिछड़ा वर्ग पोस्ट मैट्रिक छात्रवृत्ति की योजना का क्रियान्वयन वर्ष 2021-22 में किया था। इसमें पिछड़ा वर्ग के विद्यार्थियों के लिए छात्रवृत्ति में बढ़ोतरी की थी। दिलचस्प बात यह है कि केन्द्र के छात्रवृत्ति बढ़ाने के निर्देशों को अब भी राज्य में अमल में नहीं लाया जा सका। 

कॉलेज विद्यार्थियों की छात्रवृत्ति 100 रुपये से बढ़ाकर साढ़े 6 सौ रुपये किया जाना है। स्कूली विद्यार्थियों की छात्रवृत्ति में भी बढ़ोतरी होनी है। दिलचस्प बात यह है कि पिछली सरकार ने थोड़ी बहुत कागजी कार्रवाई की थी। रायपुर के सहायक विकास आयुक्त ने 24 जनवरी 2022 को सभी प्राचार्यों और विश्वविद्यालयों को बकायदा पत्र भी जारी किया था। 

मगर इसका क्रियान्वयन नहीं किया गया। खास बात ये है कि छात्रवृत्ति की यह योजना केन्द्र प्रवर्तित योजना है, और 60 फीसदी राशि केन्द्र सरकार उपलब्ध कराती है। बाकी 40 फीसदी राशि राज्य सरकार वहन करती है।

 

पिछड़ा वर्ग विद्यार्थियों की छात्रवृत्ति में बढ़ोतरी का प्रस्ताव फाइलों में ही दबा रहा। अब पिछड़ा वर्ग के लिए पृथक विभाग होने के बाद विभागीय मंत्री श्यामबिहारी जायसवाल लंबित प्रस्तावों पर तेजी से कार्रवाई कर रहे हैं। इस सिलसिले में पूर्व प्राध्यापक, और सामाजिक कार्यकर्ता घनाराम साहू ने इस सिलसिले में विभागीय मंत्री को ज्ञापन भी दिए थे। इससे परे यह मामला दो बार विधानसभा में भी उठ चुका है। पिछली सरकार के आखिरी दिनों में पामगढ़ की विधायक श्रीमती इंदु बंजारे ने पिछड़ा वर्ग विद्यार्थियों को बढ़ी हुई छात्रवृत्ति का लाभ नहीं मिलने का मुद्दा उठाया था। कांग्रेस विधायक संदीप साहू भी मामले को उठा चुके हैं। 

बताया गया कि पिछड़ा वर्ग राष्ट्रीय आयोग के अध्यक्ष हंसराज अहीर के प्रवास के दौरान पिछड़ा वर्ग के कुछ सामाजिक कार्यकर्ताओं ने उन्हें इसकी जानकारी दी थी। बताते हैं कि आयोग ने इस पूरे मामले में सरकार को जवाब तलब भी किया था। सरकार ने आयोग को सूचित किया था कि छात्रवृत्ति योजना के नये निर्देशों को अमल में लाया जा रहा है। मगर कार्रवाई अधूरी रही। इससे लाखों की संख्या में स्कूल-कॉलेज के विद्यार्थी बढ़ी हुई छात्रवृत्ति पाने से वंचित हैं। विभागीय मंत्री जायसवाल ने अब रूचि दिखाई है, तो छात्रवृत्ति बढ़ाने के प्रस्ताव पर अमल हो सकता है। 


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