अंतरराष्ट्रीय

अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने यूरोप को दी इस बात की चेतावनी
14-Feb-2026 9:51 AM
अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने यूरोप को दी इस बात की चेतावनी

-एना लामचे

अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने म्यूनिख में अपने अहम भाषण से पहले यूरोप को जियोपॉलिटिक्स में नए दौर को लेकर चेतावनी दी है.

रुबियो ने म्यूनिख सिक्योरिटी कॉन्फ्रेंस में भाषण के लिए यूरोप जाते हुए एक अहम पल और "नए दौर" की बात की है.

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ग्रीनलैंड पर कब्ज़ा करने का इरादा जाहिर किया है और इसे डेनमार्क की संप्रभुता पर ख़तरे के तौर पर देखा जा रहा है.

ऐसे मौक़े पर रुबियो पहले बड़े ग्लोबल इवेंट में अमेरिकी डेलीगेशन का नेतृत्व कर रहे हैं. फ़्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों ने ज़ोर दिया है कि यूरोप को अमेरिका से आज़ादी के लिए तैयार रहना चाहिए.

जबकि नेटो के सेक्रेटरी जनरल मार्क रूट ने ज़ोर दिया है कि ट्रांस-अटलांटिक रिश्ते पहले की तरह ही क़रीबी और ज़रूरी हैं.

सिक्योरिटी कॉन्फ्रेंस शुरू होने के साथ ही यूक्रेन में युद्ध, चीन के साथ तनाव और ईरान और अमेरिका के बीच संभावित परमाणु समझौता भी एजेंडे में है.

जब रुबियो से पूछा गया कि क्या यूरोप के लोगों के लिए उनका संदेश एक साल पहले की तुलना में ज़्यादा सुलह वाला होगा?

मार्को रुबियो ने रिपोर्टर्स से कहा, "दुनिया हमारे सामने बहुत तेज़ी से बदल रही है. हम जियोपॉलिटिक्स के एक नए दौर में जी रहे हैं और इसके लिए हम सभी को यह फिर से देखना होगा कि यह किस तरह का है इसमें हमारी क्या भूमिका होगी."

पिछले साल की कॉन्फ्रेंस में अमेरिकी उप राष्ट्रपति जेडी वेंस ने फ्री स्पीच और इमिग्रेशन पर पॉलिसी के लिए ब्रिटेन समेत यूरोप पर निशाना साधा था.

उनके भाषण के बाद एक साल तक ऐसा ट्रांसअटलांटिक टेंशन शुरू हो गया जो पहले कभी नहीं हुआ.

इस साल के इवेंट में दुनिया के क़रीब 50 लीडर शामिल होने वाले हैं, जहाँ यूरोपियन डिफेंस और ट्रांसअटलांटिक रिश्तों के भविष्य पर चर्चा होगी. यह ऐसे समय में हो रहा है जब नेटो के लिए अमेरिका की प्रतिबद्धता पर सवाल उठाए गए हैं.

हाल के महीनों में यूरोपीय देशों और अमेरिका के बीच तनाव बढ़ गया है. क्योंकि ट्रंप ने बार-बार कहा है कि ग्रीनलैंड अमेरिका की नेशनल सिक्योरिटी के लिए बहुत ज़रूरी है. ट्रंप ने बिना किसी प्रमाण के कहा है कि "यहां हर जगह रूसी और चीनी जहाजों से ढका हुई थी." (bbc.com/hindi)


अन्य पोस्ट