गरियाबंद
मैनपुर के 57 और देवभोग के 43 सचिवों पर कार्रवाई
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
गरियाबंद, 13 फरवरी। गरियाबंद जिले की ग्राम पंचायतों में विकास कार्यों की धीमी प्रगति पर जिला पंचायत प्रशासन ने कड़ा रुख अपनाया है। अपेक्षित प्रगति नहीं लाने पर 100 ग्राम पंचायत सचिवों का जनवरी 2026 का वेतन रोक दिया गया है।
जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी प्रखर चंद्राकर द्वारा यह कार्रवाई की गई है। जानकारी के अनुसार, ग्राम पंचायतों में संचालित शासन की विभिन्न योजनाओं—प्रधानमंत्री आवास योजना, समर्थ पोर्टल, ग्राम संपदा, 15वें वित्त आयोग एवं अन्य योजनाओं—की नियमित समीक्षा की जा रही थी। इसके तहत ग्राम पंचायतों का निरीक्षण तथा जनपद पंचायत स्तर पर समीक्षा बैठकें आयोजित कर कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए गए थे।
इसके बावजूद कई ग्राम पंचायतों में योजनाओं की प्रगति संतोषजनक नहीं पाई गई। बार-बार चेतावनी और निर्देश के बाद भी सुधार नहीं होने पर प्रशासन ने यह कदम उठाया।कार्रवाई के तहत जनपद पंचायत मैनपुर के 57 ग्राम पंचायत सचिवों तथा जनपद पंचायत देवभोग के सभी 43 ग्राम पंचायत सचिवों का जनवरी माह का वेतन रोक दिया गया है। जिला पंचायत प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करने और विकास कार्यों में तेजी लाने के उद्देश्य से यह कार्रवाई की गई है।


