दुर्ग

तालाब भी सूखने लगे, कई हैण्डपंपों से पानी आना बंद
28-Mar-2026 4:33 PM
तालाब भी सूखने लगे, कई हैण्डपंपों से पानी आना बंद

अब निस्तारी तालाबों में पानी भरने की बाट जोह रहे ग्रामीण

‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता

दुर्ग, 28 मार्च। गर्मी बढऩे के साथ तेजी से भूजल स्तर गिर रहा है। वहीं तालाब भी सूखने लगे हैं। ऐसे अनेक ग्रामों में अधिकांश हैण्ड पंपों पानी आना बंद हो गया है। ऐसी स्थिति में ग्राम कोडिय़ा में तो जैसे तैसे टैंकर के माध्यम से पानी आपूर्ति कर ग्रामीणों की प्यास बुझाने मशक्कत करना पड़ रहा है। ऐसे में गांव गांव में पेयजल संकट गहराने लगा है।

अब ग्रामीण निस्तारी तालाबों में पानी भरने की बाट जोह रहे हैं। ग्राम पंचायत कोडिय़ा सरपंच खुमान निषाद बताते हैं कि उनके गांव का सभी बोर सूख गए हैं नाले के पास का एकमात्र बोर चालू है। ऐसी स्थिति में पेयजल को लेकर हाहाकार मचा हुआ है। उन्होंने बताया कि निजी बोर से 200 रुपए प्रति टैंकर पानी खरीद रहे हैं जिसे किराए के टैंकर से ग्रामीणों को सप्लाई किया जा रहा है इसमें रोज का लगभग 4 हजार रुपए का खर्च आ रहा है। ग्राम पाउवारा निवासी कांग्रेस नेता राजेश साहू का कहना है गांव के छिटपुट बोर ही चालू है भूजल स्तर नीचे जाने से अधिकांश बंद है। निस्तारी तालाबों में पानी भरने पर ही बोर रिचार्ज हो सकते हैं मगर इन्हें भरने अब गांव के तालाबों तक पानी नहीं पहुंचा।

जनपद उपाध्यक्ष राकेश हिरवानी का कहना है कि गांव में बोर सूख जाने से लोग जिन लोगों के निजी बोर चालू है वहां से पानी ले रहे पेयजल के लिए लोगों को एक एक किलोमीटर दूर से पानी लाना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि जल संसाधन विभाग के ईई से फोन पर बात कर जल्द निस्तारी तालाबों को भरने पानी छोडऩे की मांग की है।


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