दुर्ग
7 साल बाद खुलासा, दोनों गिरफ्तार
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
भिलाई नगर, 30 जनवरी। सुपेला क्षेत्र के 7 साल पूर्व चोरी के मामले में 80 ग्राम सोने के जेवर के साथ दो आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। आरोपियों ने 110 ग्राम सोना आईआईएफएल गोल्ड लोन में गिरवी रखा था। प्रार्थी के बेटे एवं भांजे ने मिलकर चोरी की थी।
आज पुलिस नियंत्रण कक्ष में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक शहर संजय ध्रुव एवं नगर पुलिस अधीक्षक आर के जोशी ने पत्रकारवार्ता के दौरान बताया कि प्रार्थी शिव लखन चौधरी निवासी वार्ड- 52 सुपेला ने 7 साल पहले वर्ष 2015 में चिंगरी पारा स्थित घर में तिजोरी में रखे सोने के जेवर चोरी होने की रिपोर्ट सुपेला थाने में दर्ज करवाई थी। चिंगरी पारा स्थित घर से पांच रास्ता स्थित नए घर में शिफ्ट हो रहा था। उस दौरान चोरी की जानकारी हुई थी। इस दौरान चोरी गए चांदी के जेवर घर के बरामदे में पड़े मिले थे, परंतु सोने के लगभग 20 तोला जेवर गायब थे।
प्रार्थी का परिवार इस घटना को लेकर परेशान था। सोने के जेवर चोरी कर चांदी के जेवर घर में छोड़ दिए गए थे। परिवार के लोगों को एक दूसरे पर संदेह भी था, किंतु किसी निष्कर्ष पर नहीं पहुंच पा रहे थे। इस घटना की रिपोर्ट घर के मुखिया के द्वारा दर्ज कराई गई थी।
पुलिस ने मामला पंजीबद्ध कर खोजबीन का प्रयास किया था, लेकिन परिणाम शून्य ही रहा था परंतु प्रार्थी को इस मामले में अपने भांजे उपेंद्र पर संदेह था, जिसका मकान कुरूद में है और घटना के बाद से लगातार उत्तरप्रदेश में रहने लगा था।
अभी कुछ दिन पहले ही भूपेंद्र उत्तरप्रदेश से वापस कुरूद आया था। इसकी सूचना मिलने पर सुपेला पुलिस द्वारा 7 साल पुराने इस मामले में भूपेंद्र को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू की गई। अंतत: भूपेंद्र ने अपना अपराध स्वीकार कर मामले की पूरी कहानी बताई। उसने बताया कि इस घटना में वह केवल अकेला आरोपी नहीं है, बल्कि प्रार्थी शिव लखन चौधरी का बेटा मनोज भी बराबर का हिस्सेदार है। चोरी के बाद चांदी का लगभग 1 किलो जेवर नहीं ले जा पाने के कारण घर पर बिखेर दिए थे।
आरोपी ने बताया कि लगभग 11 तोले सोना अलग-अलग समय में आईआईएफएल गोल्ड लोन के आकाशगंगा स्थित ऑफिस में गिरवी रखे थे, जबकि बाकी का लगभग 8-9 तोले सोने के जेवर आपस में बांट लिए थे। जिसे दोनों से पुलिस के द्वारा बरामद कर लिया गया।
आरोपी के बयान के मुताबिक आईआईएफएल गोल्ड लोन के कार्यालय पहुंची, तब गोल्ड लोन के अधिकारियों ने उनके द्वारा लगभग 11 तोले सोने वर्ष 2015 से गरीब रखने की पुष्टि की। आईआईएफएल गोल्ड लोन के द्वारा सारे दस्तावेज प्रस्तुत किए और उनके द्वारा यह जानकारी दी गई कि गोल्ड लोन के नियम अनुसार 1 साल के बाद तक किसी भी प्रकार लोन की राशि अदा नहीं करने की स्थिति में गिरवी रखे सोने को नीलाम कर दिया गया है। आईआईएफएल गोल्ड लोन से विभागीय कार्यवाही जारी है।
आरोपी भूपेंद्र एवं मनोज को मामले में गिरफ्तार कर लिया गया है। पुलिस द्वारा बहुत पुराने मामले में रुचि दिखाते हुए आरोपियों की गिरफ्तारी एवं माल की रिकवरी का महत्वपूर्ण कार्य किया गया है। इस सराहनीय कार्य में थाना प्रभारी सुपेला निरीक्षक सुरेश ध्रुव , उप निरीक्षक प्रमोद श्रीवास्तव, प्रधान आरक्षक भरत यादव, आरक्षक विकास तिवारी, जुनैद सिद्धकी, उपेंद्र सिंह, नियाज खान का विशेष योगदान रहा। आरोपी भूपेंद्र कुमार चौधरी (34) दुर्गा मंदिर के पास कुरूद एवं मनोज कुमार चौधरी (37) कृपाल नगर सडक़ चार सुपेला को गिरफ्तार किया है।


