खेल
ऑल इंग्लैंड बैडमिंटन चैंपियनशिप के फ़ाइनल में पहुंच कर भारत के लक्ष्य सेन ने बड़ी कामयाबी हासिल की है. सेमीफ़ाइनल में सेन ने मौजूदा चैंपियन मलेशिया के ली जी जिया को 21-13, 12-21, 21-19 से हराया. सेमीफ़ाइनल में लक्ष्य ने 1 घंटे 16 मिनट में जीत हासिल की.
सेमीफ़ाइनल का यह मुक़ाबला कई मायनों में अहम रहा. सबसे पहले तो यह बता दें कि ली जी जिया की फ़िलहाल इंटरनेशनल रैंकिंग 7 है, जबकि लक्ष्य 11वें स्थान पर मौजूद हैं. यानी उन्होंने अपने से कहीं उच्च वरीयता प्राप्त खिलाड़ी को हराकर फ़ाइनल में अपनी जगह बनाई है.
लक्ष्य इस मुक़ाबले से पहले भी इसी चैंपियनशिप में दुनिया के तीसरी रैंकिंग के खिलाड़ी एंडर्स एंटोनसेन और पांचवें नंबर के एंथनी गिंटिंग को भी हरा चुके हैं.
लक्ष्य की जीत इस मायने में भी अहम रही कि ऑल इंग्लैंड बैडमिंटन चैंपियनशिप के फ़ाइनल में पहुंचने वाले वे केवल पांचवे भारतीय बैडमिंटन खिलाड़ी बने हैं.
उनसे पहले प्रकाश नाथ (1947), प्रकाश पादुकोण (1980 और 1981) और पुलेला गोपीचंद (2001) ऑल इंग्लैंड बैडमिंटन चैंपियनशिप के फ़ाइनल में पहुंच चुके हैं. वहीं महिला वर्ग में साइना नेहवाल भी 2015 में इस प्रतिस्पर्द्धा का फ़ाइनल खेल चुकी हैं.
1980 में प्रकाश पादुकोण और 2001 में पुलेला गोपीचंद बैडमिंटन के इस प्रतिष्ठित टूर्नामेंट को अपने नाम भी कर चुके हैं.
अब रविवार को बर्मिंघम में होने वाले फ़ाइनल मुक़ाबले में सेन का लक्ष्य इन दोनों खिलाड़ियों की बराबरी करने की होगी.
जीत के बाद लक्ष्य ने कहा, "मुझे खुशी है कि मैंने यह मुक़ाबला जीत लिया है और मुझे कल खेलने का मौका मिला है. यह वक़्त मैं रिकवर होने और कल पूरी तरह से मुक़ाबले के लिए तैयार होने में लगाउंगा."
फ़ाइनल में पहुंचने के बाद लक्ष्य सेन को बधाई देने वालों का तांता लग गया है. सोशल मीडिया पर उनकी तारीफ़ों के पुल बांधे जा रहे हैं.
खेल मंत्री अनुराग ठाकुर ने लक्ष्य सेन को उनकी इस उपलब्धि पर बधाई दी. साथ ही उन्होंने फ़ाइनल मुक़ाबले के लिए अपनी शुभकामनाएं भी दीं.
वहीं बैडमिंटन एसोसिएशन आफ़ इंडिया (बीएआई) के अध्यक्ष और असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्व सरमा ने भी लक्ष्य सेन की इस जीत पर बीएआई के ट्वीट को रीट्वीट किया है.
इस ट्वीट में अब तक इस चैंपियनशिप के फ़ाइनल तक का सफ़र तय करने वाले सभी पांच खिलाड़ियों के बारे में बताया गया है. इस ट्वीट में बीएआई ने लिखा है, ''लक्ष्य सेन ने शटलर्स की सम्मानित सूची में शामिल हो गए हैं. चैंपियन को बधाई!''
हिमंत बिस्व सरमा दुनिया भर में इस खेल को संचालित करने वाली संस्था 'बैडमिंटन वर्ल्ड फेडरेशन' की काउंसिल के पिछले साल सदस्य चुने गए. इसके अलावा वो बैडमिंटन एशिया के उपाध्यक्ष भी हैं.
वहीं जैक्सन दैस एंटनी नाम के एक यूज़र ने ट्वीट करते हुए लिखा, ''पिछले एक महीने में लक्ष्य सेन की जीत: उन्होंने ओलंपिक स्वर्ण पदक विजेता, विश्व चैंपियन, ऑल इंग्लैंड बैडमिंटन चैंपियन, ओलंपिक कांस्य पदक विजेता, विश्व चैंपियनशिप के कांस्य पदक विजेता को हराया है.''
कौन है लक्ष्य सेन?
16 अगस्त, 2001 को उत्तराखंड के अल्मोड़ा में पैदा होने वाले लक्ष्य सेन वहीं के रहने वाले हैं. क़रीब 5 फ़ीट 11 इंच लंबे सेन ने बैडमिंटन के जाने माने प्रशिक्षकों विमल कुमार, पुलेला गोपीचंद, और योंग सू यू से ट्रेनिंग ले चुके हैं. उन्होंने प्रकाश पादुकोण बैडमिंटन एकेडमी में भी प्रशिक्षण लिया है.
उनके पिता डीके सेन भी बैडमिंटन खिलाड़ी रह चुके हैं और वे प्रशिक्षण भी देते हैं. लक्ष्य सेन अपने पिता से भी प्रशिक्षण ले चुके हैं.
लक्ष्य के भाई चिराग सेन भी इंटरनेशनल लेवल पर बैडमिंटन खेलते हैं.
वे जूनियर कैटेगरी में पहले दुनिया के नंबर एक खिलाड़ी भी रह चुके हैं. पिछले छह महीने से जबरदस्त फॉर्म में चल रहे लक्ष्य ने पिछले साल विश्व चैंपियनशिप में कांस्य पदक जीता, इस साल जनवरी में वे इंडिया ओपन में सुपर 500 का ख़िताब जीत चुके हैं वहीं पिछले हफ़्ते वे जर्मन ओपन में उपविजेता भी रहे हैं. (bbc.com)


