रायपुर
राज्य कर्मचारी संघ के प्रांतीय अधिवेशन का समापन
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
रायपुर, 12 जनवरी। राज्य कर्मचारी संघ छत्तीसगढ़ के प्रांतीय अधिवेशन के समापन सत्र में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के प्रांत प्रचारक श्री अभयराम ने पंच परिवर्तन विषय पर बौद्धिक उद्बोधन दिया।
उन्होंने कहा कि समाज और राष्ट्र के समग्र विकास के लिए केवल नीतियाँ और योजनाएँ पर्याप्त नहीं हैं, बल्कि प्रत्येक नागरिक के आचरण, विचार और व्यवहार में परिवर्तन आवश्यक है। इसी उद्देश्य को लेकर पंच परिवर्तन की अवधारणा प्रस्तुत की गई है, जो व्यक्ति से समाज और समाज से राष्ट्र निर्माण की दिशा में एक सशक्त मार्ग प्रशस्त करती है।
अपने उद्बोधन के अंतिम चरण में नागरिक कर्तव्यबोध पर प्रकाश डालते हुए अभयराम ने कहा कि अधिकारों के साथ कर्तव्यों का संतुलन ही सशक्त लोकतंत्र की पहचान है। संविधान के प्रति सम्मान, नियमों का पालन, ईमानदारी, अनुशासन और सामाजिक दायित्वों का निर्वहन प्रत्येक नागरिक का परम कर्तव्य है। उन्होंने विशेष रूप से शासकीय कर्मचारियों से अपने दायित्वों का निर्वहन निष्पक्षता, पारदर्शिता और जनसेवा की भावना से करने का आह्वान किया।
कार्यक्रम के अंत में संघ पदाधिकारियों ने उनके प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि पंच परिवर्तन के विचार संगठनात्मक एवं सामाजिक जीवन में सकारात्मक बदलाव की प्रेरणा देंगे।


