रायगढ़
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
रायगढ़, 25 जनवरी। रायगढ़ जिले में मंत्रालय में अच्छी जान पहचान होने की बात कहते हुए सरकारी नौकरी लगाने के नाम पर लाखों की धोखाधड़ी करने का मामला सामने आया है। पीडि़त की शिकायत के बाद पुलिस ने दो लोगों के खिलाफ अपराध दर्ज करते हुए पूरे मामले को जांच में ले लिया है। उक्त मामला पुसौर थाना क्षेत्र का है।
मिली जानकारी के अनुसार कुंजबिहारी पटेल ग्राम घुघवा निवासी ने पुसौर थाना में रिपोर्ट लिखाते हुए बताया कि ग्राम गोपालपुर चंद्रपुर के दुर्गा पाणिग्राही का परिवार उनके गांव का कुल पुरोहित है। जिसके कारण उनका गांव में उनका आना-जाना लगा रहता है। पीडि़त ने बताया कि दुर्गा पाणिग्राही का पुत्र सितेश पाणिग्राही अपै्रल 2022 में मंत्रालय में जान पहचान है और उनका रिश्तेदार अपर कलेक्टर है कहकर सरकारी नौकरी लगवा सकने की बात कहकर अपने भाई का ऑनलाईन ज्वाईनिंग लेटर दिखाया। जिससे वह उसकी बातों पर भरोसा कर लिया। जिसके बाद वह लगातार फोन करने लगा।
जमीन बेचकर दिया था पैसा
पीडि़त ने बताया कि 22 अपै्रल 2022 को उसने जमीन बेचकर 4 लाख 58 हजार 300 रूपये और उसके दो माह बाद फिर से 3 लाख 69 हजार रूपये सितेश पाणिग्राही को दिया। इसके बावजूद नौकरी नहीं लगने पर पैसे की मांग करने पर सितेश पाणिग्राही के परिजनों ने कहा कि धीरे धीरे पैसा वापस कर देगें, नहीं दे पायेंगे तो जमीन की रजिस्ट्री कर देंगे कहकर टालमटाल करते रहे।
दिया गया चेक बाउंस
पीडि़त ने बताया कि बाद में उसे पता चला कि सितेश पाणिग्राही ने नौकरी लगाने के नाम पर गांव के मुन्ना प्रसाद डनसेना से 3 लाख 77 हजार एवं देवकुमार पटेल से भी 8 लाख रूपये ले चुका है। जिसके बाद तीनों के द्वारा पैसे की मांग करने पर वह तीनों को अपने साथ दुर्ग ले गया जहां रेलवे स्टेशन के पास विवेक कुमार नामक एक व्यक्ति आया और उसने तीनों को चेक दिया। उक्त चेक बैंक में जमा करने पर बाउंस हो गया।
पीडि़त ने बताया कि तीनों को नौकरी लगाने के नाम पर सितेश पाणिग्राही और विवेक कुमार के द्वारा कुल 20 लाख ,04 हजार रुपए की ठगी की घटना को अंजाम दिया है। पीडि़त की शिकायत के बाद पुसौर पुलिस आरोपियों के खिलाफ धारा 420, 34 के तहत अपराध दर्ज करते हुए पूरे मामले को जांच में ले लिया है।


