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भूपेश का रमन सिंह-भाजपा पर केंद्र को गुमराह करने का आरोप, चाहते हैं किसानों की धान खरीद न हो, सरकार परेशानी में पड़े
02-Jan-2021 1:06 PM
भूपेश का रमन सिंह-भाजपा पर केंद्र को गुमराह करने का आरोप, चाहते हैं किसानों की धान खरीद न हो, सरकार परेशानी में पड़े

‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता

रायपुर, 2 जनवरी। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने शनिवार को पूर्व सीएम  डॉ. रमन सिंह और भाजपा पर धान खरीद को लेकर केन्द्र सरकार को गुमराह करने का आरोप लगाया है। श्री बघेल ने कहा कि रमन सिंह और प्रदेश भाजपा की कोशिश है कि किसानों की धान खरीद न हो, और सरकार परेशानी में पड़ जाए। उन्होंने कहा कि केन्द्रीय खाद्यमंत्री पीयूष गोयल से  एफसीआई द्वारा चावल नहीं लेने के विषय पर चर्चा हुई, तो वस्तु स्थिति सामने आई। 

रायगढ़ रवाना होने से पहले मीडिया से चर्चा में श्री बघेल ने कहा कि  यह कहा जा रहा है कि किसानों को 25 सौ रूपए प्रति क्विंटल की दर से भुगतान नहीं हो रहा है। हम तो समर्थन मूल्य पर धान खरीदी करते हैं। केन्द्र और दूसरे राज्यों की योजना की तरह राजीव गांधी न्याय योजना है। न्याय योजना के जरिए प्रति एकड़ के हिसाब से किसानों को राशि दी जाती है। जबकि धान खरीद प्रति क्विंटल की दर से की जाती है। भारत सरकार पर प्रति एकड़ के हिसाब से सम्मान राशि किसानों को देती है। 

श्री बघेल ने कहा पूर्व सीएम रमन सिंह और नेता प्रतिपक्ष धरमलाल कौशिक ने बयान दिया कि 25 सौ रूपए प्रति क्विंटल की दर से धान खरीदी करने के बाद भी अब तक भुगतान नहीं किया गया। उन्होंने कहा कि मैंने विधानसभा में भी स्पष्ट किया था कि न्यूनतम समर्थन मूल्य पर ही धान खरीदी की जाती है। राजीव गांधी न्याय योजना हमारी अलग योजना है। दोनों को एक साथ क्लब करने की जरूरत नहीं है। किसानों के लिए बहुत कुछ करते रहते हैं। चाहे कृषि पंपों की खरीद के लिए सब्सिडी हो, या अन्य योजना। भारत सरकार भी करती है, और अन्य राज्यों की अपनी अलग योजना है।
 
उन्होंने पूर्व सीएम रमन सिंह पर निशाना साधते हुए कहा कि 15 साल सीएम रह चुका इतना पढ़़ा-लिखा व्यक्ति ऐसा बयान क्यों दे रहा है, अब जाकर समझ में आया कि ताकि किसानों का धान खरीद मत हो, और सरकार परेशानी में पड़ जाए। ये भाजपा की प्रदेश इकाई का षडय़ंत्र है। श्री बघेल ने कहा कि केन्द्रीय मंत्री पीयूष गोयल से बात हुई, तो उन्होंने कहा कि आप तो किसानों को बोनस दे रहे हैं। पासवान जी थे तभी बोनस बंद कर दिया गया था। समर्थन मूल्य पर ही खरीदी हो रही है। इसके बाद खाद्य विभाग के अफसरों से चर्चा करने के लिए कहा है। राज्य सरकार इस पूरे मामले पर अपना पक्ष रखेगी। 


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