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गुरुग्राम : आत्महत्या मामले में फरीदाबाद पुलिस के खिलाफ एफआईआर दर्ज
27-Dec-2020 7:59 PM
गुरुग्राम : आत्महत्या मामले में फरीदाबाद पुलिस के खिलाफ एफआईआर दर्ज

गुरुग्राम, 27 दिसंबर | एक 22 वर्षीय महिला की आत्महत्या मामले में, गुरुग्राम पुलिस ने फरीदाबाद पुलिस के एक सब-इंस्पेक्टर सहित चार पुलिसकर्मियों के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने का मामला दर्ज किया है। महिला ने गुरुग्राम के राजेंद्र पार्क इलाके में शनिवार को आत्महत्या कर ली थी और उसी दिन पुलिस ने फरीदाबाद के साइबर क्राइम पुलिस थाना सेक्टर-19 के सब-इंस्पेक्टर राजेश सहित चार पुलिसकर्मियों के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने और आईपीसी की अन्य संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया।

राजेंद्र पार्क पुलिस स्टेशन के स्टेशन हाउस ऑफिसर (एसएचओ) राजेंद्र सिंह ने इसकी पुष्टि की।

उन्होंने आईएएनएस से कहा, "मामले की जांच जारी है। जांच के बाद दोषियों को गिरफ्तार किया जाएगा।"

इस बीच, रविवार को पोर्स्टमार्टम के बाद पीड़िता का शव उसके परिवार को सौंप दिया गया है।

इस मामले में शिकायतकर्ता संदीप ने कहा, "पुलिसकर्मियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है। हम पुलिसकर्मियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग करते हैं।"

संदीप ने कहा, "शुक्रवार को लगभग 10 पुलिसकर्मी पीड़ित के घर पर थे। उन्होंने पीड़ित सहित पूरे परिवार को पीटा और गालियां दीं।"

शनिवार को महिला ने कथित तौर पर आत्महत्या कर ली। पीड़ित परिवार ने फरीदाबाद पुलिस के खिलाफ पिटाई और दुर्व्यवहार का आरोप लगाते हुए शिकायत दर्ज कराई थी।

फरीदाबाद पुलिस के प्रवक्ता सूबे सिंह ने स्वीकार किया कि छापा मारा गया था।

उन्होंने कहा, "फरीदाबाद पुलिस की साइबर क्राइम थाने की टीम ने शंकर के रूप में पहचाने गए एक आरोपी की तलाश करते हुए शुक्रवार रात करीब 11.30 बजे गुरुग्राम के राजेंद्र पार्क इलाके में स्थित एक घर में छापा मारा।"

शंकर छह लाख रुपये की धोखाधड़ी के मामले में शामिल था और उसने शुक्रवार को गुरुग्राम में फरीदाबाद पुलिस की हिरासत से अपने साथी को भगाने में मदद की थी।

उन्होंने कहा, "इस मामले में उसके खिलाफ एक अलग मामला दर्ज किया गया था। शंकर व्हाट्सएप कॉल के माध्यम से अपने परिवार के सदस्यों के संपर्क में था।"

उन्होंने कहा, "अगर गुरुग्राम पुलिस ने आत्महत्या के मामले में फरीदाबाद पुलिस कर्मियों के खिलाफ मामला दर्ज किया है, तो हम गुरुग्राम में दर्ज प्राथमिकी के तकनीकी पहलुओं से देखेंगे। हम मामले में पुलिस कर्मियों की संलिप्तता की जांच करेंगे।"

--आईएएनएस


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