ताजा खबर
उत्तर प्रदेश में आंधी-तूफ़ान और बारिश से हुई तबाही पर रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने भारत की राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु और पीएम नरेंद्र मोदी को शोक संदेश भेजा है.
रूस के विदेश मंत्रालय ने सोशल मीडिया प्लेटफ़ॉर्म एक्स पर इसकी जानकारी दी है.
पुतिन ने कहा, '' उत्तर प्रदेश में चक्रवात के कारण जान-माल की हुई भारी हानि और बड़े पैमाने पर हुई तबाही पर मेरी गहरी संवेदनाएं है.''
उत्तर प्रदेश सरकार के आपदा विभाग के स्पेशल ड्यूटी अधिकारी मनोज कुमार ने बीबीसी न्यूज़ हिन्दी को बताया है कि राज्य के कई ज़िलों में बुधवार को आए तेज आंधी-तूफान और बारिश से कम से कम 111 लोगों की मौत हो गई है.
प्रशासन के अनुसार सबसे ज़्यादा मौतें वाराणसी, प्रयागराज और कानपुर मंडल में हुई हैं.
उत्तर प्रदेश सरकार के आपदा विभाग के मुताबिक़, सबसे ज़्यादा 21 लोगों की मौत प्रयागराज में, 19 लोगों की मौत मिर्ज़ापुर में, संत रविदास नगर में 16 और 11 लोगों की मौत फ़तेहपुर में हुई है.
उत्तर प्रदेश के राहत आयुक्त हृषिकेश भास्कर ने बताया, ''आंधी-तूफ़ान की वजह से किसी यात्री पर दीवार या पेड़ गिर जाने की वजह से उसमें दबकर मृत्यु होना मुख्य वजह है. इनमें से चार लोगों की मौत वज्रपात की वजह से हुई है.''
उन्होंने बताया है कि इस घटना में 52 लोग फ़िलहाल घायल हैं, जबकि 130 पशुओं की मौत हुई है और 98 घरों को नुक़सान हुआ है.
मौसम विभाग ने बताया है कि पश्चिमी विक्षोभ और स्थानीय के असर से प्रदेश के कई हिस्सों में तेज बारिश और तूफ़ानी हवाएं चलीं.
विभाग ने अगले 24 घंटों तक कुछ ज़िलों में ख़राब मौसम बने रहने की चेतावनी जारी की है.
राज्य सरकार ने प्रभावित ज़िलों के अधिकारियों को राहत और बचाव कार्य तेज करने के निर्देश दिए हैं.
मौसम विभाग ने लोगों से अपील की है कि ख़राब मौसम के दौरान खुले मैदानों, पेड़ों और बिजली के खंभों से दूर रहें. प्रशासन ने भी लोगों को सतर्क रहने और ज़रूरत पड़ने पर स्थानीय हेल्पलाइन से संपर्क करने की सलाह दी है.(bbc.com/hindi)


