अंतरराष्ट्रीय
फ्रांस में चल रहे जी7 शिखर सम्मेलन के दौरान अमेरिकी राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप ने ईरान को लेकर बेहद सख्त टिप्पणी की है. ट्रंप ने साफ शब्दों में चेतावनी दी है कि यदि ईरान ने परमाणु हथियार बनाने की कोशिश की, तो उस पर "कहर टूट पड़ेगा."
ट्रंप ने पत्रकारों से बातचीत करते हुए कहा, "मेरे लिए केवल एक ही बात सबसे ज्यादा मायने रखती है कि ईरान के पास कभी भी परमाणु हथियार नहीं होने चाहिए और यह बात बिल्कुल साफ तौर पर तय है." उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि इस शांति समझौते के तहत अमेरिका, ईरान में "कोई पैसा निवेश नहीं" करने जा रहा है.
रविवार को अमेरिका और ईरान के बीच हुए शुरुआती शांति समझौते के तहत दोनों पक्षों के बीच जारी संघर्षविराम को 60 दिनों के लिए बढ़ा दिया गया है ताकि अंतिम शांति वार्ता पूरी की जा सके.
ईरान की सरकारी समाचार एजेंसी 'तस्नीम' के अनुसार, ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अरागची ने कहा है कि आगामी शुक्रवार को स्विट्जरलैंड में समझौते पर औपचारिक हस्ताक्षर होने के तुरंत बाद अगले दौर की बातचीत शुरू होगी, जिसे इसी 60 दिनों की समय सीमा के भीतर पूरा किया जाना है. (dw.com/hi)


