अंतरराष्ट्रीय

जलवायु संबंधी खतरों का सामना कर रहे हैं दुनिया के लगभग सभी बच्चे: यूएन
17-Jun-2026 9:09 AM
जलवायु संबंधी खतरों का सामना कर रहे हैं दुनिया के लगभग सभी बच्चे: यूएन

दुनिया के लगभग सभी बच्चे कम से कम एक जलवायु संबंधी खतरे का सामना कर रहे हैं. करीब 1.8 अरब बच्चों पर सूखे का और 1.2 अरब बच्चों पर भीषण गर्मी का खतरा मंडरा रहा है. संयुक्त राष्ट्र बाल कोष (यूनिसेफ) ने मंगलवार, 16 जून को एक रिपोर्ट जारी कर यह जानकारी दी है. यूनिसेफ ने कहा है कि सरकारों को बच्चों को सुरक्षित रखने के लिए बुनियादी ढांचे में निवेश करने और आपदा प्रबंधन क्षमताओं को बढ़ाने की जरूरत है. 

रिपोर्ट के मुताबिक, 66.2 करोड़ बच्चे उष्णकटिबंधीय तूफानों का, 33.7 करोड़ बच्चे नदियों से आने वाली बाढ़ का और 3.3 करोड़ बच्चे तटीय बाढ़ के खतरे का सामना कर रहे हैं. वहीं, करीब एक करोड़ बच्चे मलेरिया का खतरा झेल रहे हैं, जिनमें से ज्यादातर अफ्रीकी महाद्वीप में है. रिपोर्ट के मुताबिक, साल 2024 में जलवायु संबंधी खतरों के चलते 85 देशों के 24.2 करोड़ बच्चों की स्कूली पढ़ाई प्रभावित हुई. 

यूनिसेफ के मुताबिक, सोमालिया, मेडागास्कर, म्यांमार, कंबोडिया और पाकिस्तान के बच्चे जलवायु संबंधी खतरों के प्रति सबसे अधिक संवेदनशील हैं. रिपोर्ट के मुताबिक, सूखे से प्रभावित सबसे अधिक बच्चे इंडोनेशिया, बांग्लादेश, नाइजीरिया, पाकिस्तान और तंजानिया जैसी कृषि आधारित अर्थव्यवस्थाओं में रहते हैं. (dw.com/hi)

 


अन्य पोस्ट