अंतरराष्ट्रीय
अमेरिका और ईरान के बीच शांति समझौते के एलान के बाद इसराइल के प्रधानमंत्री बिन्यामिन नेतन्याहू ने सोमवार को यरूशलम में एक प्रेस कॉन्फ़्रेंस को संबोधित किया.
उन्होंने कहा कि उनकी सरकार ने इसराइल को "पूरी तरह तबाह होने से बचा लिया है", लेकिन "लड़ाई अभी ख़त्म नहीं हुई है."
हालांकि, उन्होंने यह भी कहा कि इसराइल को "सतर्क रहना होगा" और "ज़रूरत पड़ने पर अपनी रक्षा और बचाव करना होगा."
नेतन्याहू का बयान ऐसे समय पर आया है, जब इसराइल में अमेरिका-ईरान डील को लेकर असहजता दिख रही है.
इस समझौते के एलान के बाद इसराइल के राष्ट्रीय सुरक्षा मंत्री और कट्टर दक्षिणपंथी नेता इतामार बेन-ग्वेर ने कहा कि उनका देश इस समझौते को मानने के लिए 'बाध्य नहीं' है.
वहीं, इसराइली रक्षा मंत्री इसराइल कात्ज़ ने कहा, "प्रधानमंत्री बिन्यामिन नेतन्याहू और मैं एक साफ़ नीति पर काम कर रहे हैं, जिसके तहत इसराइली सेना लेबनान, सीरिया और ग़ज़ा के बफ़र ज़ोन में अनिश्चित समय तक रहेगी."
नेतन्याहू ने प्रेस कॉन्फ़्रेंस में यह भी कहा कि इसराइल "अपनी सुरक्षा के लिए जब तक ज़रूरत होगी, तब तक सिक्योरिटी ज़ोन में बना रहेगा."
नेतन्याहू ने कहा कि कुछ मामलों में उनकी और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की राय एक जैसी नहीं होती, लेकिन वह इसराइल के हितों की रक्षा करेंगे.
उन्होंने कहा कि जब भी ज़रूरत होगी, वह इसराइल के हितों के लिए मज़बूती से खड़े रहेंगे.
नेतन्याहू ने कहा कि वह उत्तरी इसराइल के लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध हैं. उत्तरी इसराइल की सीमा लेबनान से लगती है. (bbc.com/hindi)


