अंतरराष्ट्रीय
ब्रितानी विदेश मंत्री डेविड कैमरन ने कहा है कि इसराइल के लिए हथियारों की आपूर्ति रोकने से ग़ज़ा युद्ध में हमास और मज़बूत होगा और इससे इसराइली बंधकों की रिहाई के लिए समझौता करना अधिक मुश्किल हो जाएगा.
बीबीसी से बात करते हुए डेविड कैमरन ने इस बात पर ज़ोर दिया कि इसराइल की सेना को तब तक रफ़ाह शहर में दाख़िल नहीं होना चाहिए, जब तक उसके पास नागरिकों की सुरक्षा की ठोस योजना ना हो.
वहीं, फ़लस्तीनी अधिकारियों ने कहा है कि इसराइल के हवाई हमले में केंद्रीय ग़ज़ा के दीर अल बलाह इलाक़े में दो डॉक्टरों की मौत हो गई है.
शनिवार को इसराइली हमलों में कम से कम 30 फ़लस्तीनियों की मौत हुई है.
इसी बीच, इसराइली मीडिया की रिपोर्टों के मुताबिक़, इसराइली क़ब्ज़े वाले वेस्ट बैंक इलाक़े में नबलूस शरणार्थी कैंप में इसराइली सेना की कार्रवाई में एक फ़लस्तीनी की मौत हो गई है और एक अन्य घायल है.
वहीं, रविवार सुबह भी इसराइल ने ग़ज़ा पर हमले किए हैं. इसराइल ने कहा है कि उत्तरी ग़ज़ा के इलाक़ों से भी कम से कम एक लाख फ़लस्तीनी लोगों को अपना घर छोड़कर जाना पड़ेगा.
ख़ौफ़ में रह रहे फ़लस्तीनियों का कहना है कि ग़ज़ा में इस समय कोई भी सुरक्षित जगह नहीं है, जहां वो जा सकें. (bbc.com/hindi)


