दुर्ग
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
दुर्ग, 1 अगस्त। महापौर अलका बाघमार ने निगम परिसर के सभागार में लोककर्म प्रभारी देवनारायण चंद्राकर व राजस्व विभाग प्रभारी शेखर चंद्राकर सहित अधिकारियों की मौजूदगी में वार्ड-वार इंजीनियरों व सहायक राजस्व निरीक्षकों की क्लास ली। उन्होंने कहा की शहर सीमा क्षेत्र अंतर्गत निरीक्षण के दौरान उन्होंने वार्डों में सफाई व्यवस्था,अवैध निर्माण और कर वसूली की स्थिति का गहन परीक्षण किया। इसके बाद उन्होंने इंजीनियरों और सहायक राजस्व निरीक्षकों की बैठक लेकर कड़े निर्देश जारी किए।
महापौर ने स्पष्ट रूप से कहा कि शहर में बिना अनुमति चल रहे निर्माण कार्यों की तुरंत जांच की जाए। यदि निर्माण की अनुमति नहीं है, तो उसे तत्काल रोका जाए और संबंधितों को नोटिस जारी किया जाए। उन्होंने निर्देश दिया कि सहायक राजस्व निरीक्षक फील्ड में रहकर हर निर्माण गतिविधि की निगरानी करें और वार्ड इंजीनियर को उसकी जानकारी दें।
गंदगी फैलाने वाली डेयरियों पर जुर्माना
महापौर ने कहा कि नगर निगम क्षेत्र की सभी डेयरियों की सफाई व्यवस्था की जांच की जाएगी, जहां गंदगी पाई जाएगी, उन डेयरियों पर 5000 रु. का जुर्माना लगाया जाएगा और उन्हें निगम द्वारा नोटिस जारी किया जाएगा। उन्होंने सुपरवाइजरों को निर्देश दिए कि वे एआरआई के साथ मिलकर जुर्माने की वसूली सुनियोजित ढंग से करें।
फील्ड में रहकर करें कार्य
महापौर ने सभी सहायक राजस्व निरीक्षक को निर्देशित किया कि वे वार्डों में नियमित रूप से फील्ड में उपस्थित रहें, टैक्स वसूली में पारदर्शिता रखें और निर्माण कार्यों की अद्यतन जानकारी समय-समय पर दें।
महापौर एवं लोक कर्म प्रभारी ने कहा की 15 दिन में देनी होगी रिपोर्ट, लापरवाही पर कार्रवाई तय। उन्होंने कहा कि सभी अधिकारियों और सहायक राजस्व निरीक्षकों को 15 दिनों के भीतर वार्डवार रिपोर्ट प्रस्तुत करनी होगी। जिन अधिकारियों द्वारा रिपोर्ट नहीं दी जाएगी या कार्य में लापरवाही बरती जाएगी, उन पर अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।
बैठक में नगर निगम के इंजीनियरिंग स्टाफ और राजस्व विभाग के अधिकारी उपस्थित रहे। महापौर ने कहा कि शहर की छवि और नागरिकों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए अव्यवस्था किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सभी अधिकारी जिम्मेदारी के साथ फील्ड में काम करें और जनता को बेहतर सुविधा दें।


