दुर्ग
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
भिलाई नगर, 27 जून। नगर पालिक निगम भिलाई में एमआईसी की बैठक महापौर नीरज पाल की अध्यक्षता एवं आयुक्त राजीव कुमार पाण्डेय की उपस्थिति में आहूत की गई।
बैठक में महापौर ने इंदौर दौरा से प्रभावित होकर अपने अनुभवों का खुलकर साझा किये और पार्षदों को प्रशिक्षित कराने हेतु चर्चा किये। स्वयं का कार्ययोजना बनाते हुए कार्य करने का सलाह दिये। विकास कार्य हेतु विभिन्न संसाधनों की वृद्वि हेतु शासन से मांग के साथ आंगनबाड़ी कार्यकर्ता एवं सहायिकाओं की नियुक्ति हेतु महापौर परिषद से आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, पालना कार्यकर्ता एवं सहायिकाओं की नियुक्ति किये जाने सर्व सम्मति से पारित किया गया।
महापौर पाल ने बताया कि इंदौर जैसे बड़े शहर में अपना स्वयं का कार्ययोजना एवं नियम बनाकर कार्य करते है, जिसके कारण उन्हे स्वच्छता में नम्बर 1 का अवार्ड मिल रहा है एवं उनकी आर्थिक स्थिति भी मजबूत हुई है। इंदौर में जनप्रतिनिधियों के जन्म दिन की बधाई संदेश एवं विशेष समारोह में बड़े एवं छोटे होर्डिंग लगाना पूर्ण रूप से प्रतिबंधित किए हैं। होर्डिंग पर खर्च होने वाले राशि का उपयोग पुण्य कार्यों में लगाया जाता है।
इसी प्रकार भिलाई में भी हमें अपना कार्ययोजना एवं नियम बनाकर कार्य करना होगा। जिससे हमारे शहर की स्वच्छता के साथ-साथ निगम की आर्थिक स्थिति भी अच्छी होगी। इसके लिए सभी पार्षदों को एक साथ इंदौर के कार्यप्रणाली को देखने प्रशिक्षण सह भ्रमण पर जाने की जरूरत है। जिससे पार्षदों को शहर की स्वच्छता एवं निगम के आय स्रोत के महत्वपूर्ण पहलूओं के बारे में जानकारी मिल सके और नगर निगम के सर्वांगिंन विकास में सभी पार्षदों का पूर्णत: सहयोग मिल सके।
बैठक में प्रमुख रूप से 18 एजेण्डा एवं अतिरिक्त 2 एजेण्डा पर विस्तृत चर्चा हुई। नगरीय निकायों में 15वें वित्त आयोग अंतर्गत पीएफएमएस पोर्टल के माध्यम से वित्तीय वर्ष 2023-24 के टाईड बेसिक ग्राण्ट की प्रथम किश्त राशि के अंतर्गत निगम क्षेत्रांतर्गत कचरा परिवहन हेतु कम्पेक्टर 14द्व3 टन क्षमता का वाहन क्रय, डोर-टू-डोर कचरा कलेक्शन कार्य हेतु मिनी टिप्पर वाहन क्रय एवं बड़े एवं छोटे नालों की सफाई हेतु मिनी चैन एक्सीवेटर क्रय करने को सर्व सम्मति से मंजुरी दी गई। राधिका नगर में पूर्व निर्मित स्लाटर हाउस के संचालन के लिए नियम-शर्तों में संशोधन करते हुए निविदा आमंत्रण किये जाने हेतु स्वीकृति प्राप्त हुई है।
अनुज्ञप्ति शुल्क की दर वृद्वि पर चर्चा अनुसार अनुज्ञप्ति और अनुज्ञा की फीस की दर प्रत्येक तीन वर्षो में एक बार वृद्वि होना था। जिसमें दिनांक 03.06.2015 को दर पुनरीक्षित किया गया था, जिसका वर्तमान दर में वृद्वि किये जाने हेतु महापौर परिषद से पारित हुआ, आगामी सामान्य सभा से पारित होगा। आंगनबाड़ी कार्यकर्ता एवं सहायिकाओं की नियुक्ति हेतु महापौर परिषद से आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, पालना कार्यकर्ता एवं सहायिकाओं की नियुक्ति किये जाने सर्व सम्मति से पारित किया गया।
निगम की वित्तीय आय बढ़ाने को लेकर प्रस्ताव रखा गया, जिसमें निगम द्वारा नागरिकों को विभिन्न प्रकार की सेवाएं प्रदान की जाती है, जिसके आवेदन शुल्क में बहुत दिनों से वृद्वि नहीं की गई है। ऐसे सेवाओं में निगम की वित्तीय आय बढ़ाने के उददेश्य से आवेदन शुल्क में वृद्वि किये जाने सहमति प्रदान करते हुए आगामी सामान्य सभा में रखा जाएगा।
बैठक में महापौर परिषद के सदस्य सीजू एन्थोनी, लक्ष्मीपति राजू, संदीप निरंकारी, लालचंद वर्मा, केशव चौबे, चंद्रशेखर गंवई, आदित्य सिंह, रीता सिंह गेरा, नेहा साहू, उपायुक्त सह निगम सचिव नरेन्द्र कुमार बंजारे, जोन आयुक्त अजय राजपूत, येशा लहरे, अमरनाथ दुबे, कुलदीप गुप्ता, सतीश यादव, लेखाधिकारी चंद्रभूषण साहू, कार्यपालन अभियंता रवि सिन्हा, विनीता वर्मा, अरविंद शर्मा, स्वास्थ्य अधिकारी जावेद अली, बी.एल. असाटी, देवव्रत राजपूत आदि उपस्थित रहे।


