जशपुर

केंद्रीय बजट आम जनता के साथ विश्वासघात-यू.डी. मिंज
02-Feb-2026 8:35 PM
केंद्रीय बजट आम जनता के साथ विश्वासघात-यू.डी. मिंज

‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता

जशपुरनगर, 2 फरवरी । केंद्रीय बजट 2026 के प्रस्तुत होते ही जशपुर जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष यू.डी. मिंज ने केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला है और इस बजट को पूरी तरह जनविरोधी करार दिया है। उन्होंने कहा कि यह बजट किसान, मजदूर और मध्यम वर्ग के साथ किया गया एक बड़ा विश्वासघात है, जो केवल पूंजीपतियों के हितों को ध्यान में रखकर बनाया गया एक पक्षपाती दस्तावेज प्रतीत होता है।

श्री मिंज के अनुसार, इस बजट में न तो भविष्य की कोई दिशा तय की गई है और न ही आम जनता के लिए कोई ठोस राहत दी गई है। उन्होंने शेयर बाजार की प्रतिक्रिया का हवाला देते हुए कहा कि बजट पेश होते ही सेंसेक्स का भारी गिरावट के साथ नीचे आना यह साबित करता है कि निवेशकों ने भी सरकार की इन आर्थिक नीतियों को सिरे से नकार दिया है।.

मध्यम वर्ग की चिंताओं को प्रमुखता से उठाते हुए यू.डी. मिंज ने कहा कि महंगाई की दोहरी मार झेल रहे इस वर्ग को आयकर में कोई वास्तविक राहत नहीं दी गई है, जिससे उनकी उम्मीदों पर पानी फिर गया है। उन्होंने आरोप लगाया कि रोजमर्रा की वस्तुओं की बढ़ती कीमतों पर नियंत्रण पाने के लिए सरकार के पास कोई योजना नहीं है और शिक्षा व स्वास्थ्य जैसे बुनियादी खर्चों में कमी करने के बजाय सरकार ने जनता को अपने हाल पर छोड़ दिया है।

यू डी. मिंज ने स्पष्ट किया कि सरकार एक तरफ किसानों की आय दोगुनी करने का खोखला दावा करती है, वहीं दूसरी तरफ बजट में एमएसपी (रूस्क्क) की कानूनी गारंटी को लेकर एक शब्द भी नहीं कहा गया है। डीजल, खाद और बीज की बढ़ती कीमतों के बोझ तले दबे किसानों के लिए किसी भी प्रकार के विशेष राहत पैकेज का न होना सरकार की संवेदनहीनता को दर्शाता है।

युवाओं और रोजगार के मुद्दे पर कांग्रेस अध्यक्ष ने गहरी निराशा व्यक्त करते हुए कहा कि देश में बेरोजगारी का आंकड़ा ऐतिहासिक स्तर पर पहुंच चुका है, फिर भी बजट में रोजगार सृजन का कोई साफ रोडमैप दिखाई नहीं देता।

 उन्होंने कहा कि करोड़ों शिक्षित बेरोजगार युवाओं को कौशल विकास या नए अवसरों के नाम पर केवल जुमले दिए गए हैं।

 ग्रामीण अर्थव्यवस्था का जिक्र करते हुए श्री मिंज ने बताया कि मनरेगा जैसी महत्वपूर्ण योजना के बजट में पर्याप्त वृद्धि नहीं की गई है और सामाजिक सुरक्षा की योजनाओं को भी ठंडे बस्ते में डाल दिया गया है, जिससे ग्रामीण गरीबी और बेरोजगारी का संकट और गहराएगा।

आर्थिक स्थिरता पर सवाल उठाते हुए उन्होंने कहा कि बढ़ते राजकोषीय घाटे और बाजार में मांग की कमी के कारण अर्थव्यवस्था पहले से ही भारी दबाव में है और यह बजट विकास एवं निवेश के मोर्चों पर पूरी तरह विफल साबित हुआ है। जशपुर जिला कांग्रेस अध्यक्ष ने केंद्र सरकार से पुरजोर मांग की है कि मध्यम वर्ग को तत्काल आयकर में बड़ी राहत दी जाए, किसानों को एमएसपी की कानूनी गारंटी मिले और युवाओं के लिए एक विशेष रोजगार पैकेज घोषित किया जाए।

 उन्होंने  कहा कि यह ‘सबका विकास’ नहीं बल्कि ‘चुनिंदा पूंजीपतियों का बजट’ है, जिसका विरोध कांग्रेस पार्टी सडक़ से लेकर संसद तक करेगी और जनता के हक की आवाज़ को मजबूती से बुलंद करती रहेगी।


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