दुर्ग
नवदृष्टि फाउंडेशन के माध्यम से सप्ताह में चौथा नेत्रदान
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
दुर्ग, 20 फरवरी। दुर्ग के भोईपारा, आपापुरा निवासी नेमीचंद संचेती के निधन के पश्चात उनके नेत्रों का दान नवदृष्टि फाउंडेशन के माध्यम से किया गया। संस्था के अनुसार यह सप्ताह का चौथा नेत्रदान है।
परिवार के सदस्य संजू दुग्गड़ एवं धरम चोपड़ा के प्रयास से उनकी पत्नी शुशीला देवी संचेती, पुत्र जय संचेती तथा भाई ज्ञानचंद, पदम और महेंद्र संचेती की सहमति से नेत्रदान की प्रक्रिया पूरी की गई।
संस्था से जुड़े राज आढ़तिया, रितेश जैन, नवीन संचेती, राजेश पारख, सुरेश जैन, मुकेश राठी, प्रभु दयाल उजाला, सपन जैन, यतीन्द्र चावड़ा, जितेंद्र कारिया और चेतन जैन निवास स्थान पर पहुंचे और आवश्यक समन्वय किया। श्री शंकराचार्य मेडिकल कॉलेज के डॉ. संदीप बचकर, डॉ. ज़ेउसन मैथ्यू तथा नेत्र प्रभारी विवेक कसार ने आपापुरा पहुंचकर कॉर्निया संकलित किए।
ज्ञानचंद संचेती ने कहा, भाई के निधन से परिवार शोक में है। उनके नेत्रों से दो परिवारों को ज्योति मिलेगी। इस निर्णय से परिवार को संतोष है और हमें आशा है कि समाज इससे प्रेरणा लेगा।
पुत्र जय संचेती ने कहा कि उनके पिता ने जीवन में जरूरतमंद लोगों की मदद की और नेत्रदान के माध्यम से दो लोगों को दृष्टि देने का अवसर मिला। चेतन जैन ने कहा कि इस नेत्रदान से समाज में जागरूकता बढ़ेगी और अभियान को आगे बढ़ाने में सहयोग मिलेगा।
नवदृष्टि फाउंडेशन की ओर से अनिल बल्लेवार, कुलवंत भाटिया, राज आढ़तिया, प्रवीण तिवारी, मुकेश आढ़तिया, हरमन दुलई, रितेश जैन, राजेश पारख, जितेंद्र हासवानी, मंगल अग्रवाल, किरण भंडारी, उज्जवल पींचा, सत्येंद्र राजपूत, सुरेश जैन, पीयूष मालवीय, दीपक बंसल, विकास जायसवाल, मुकेश राठी, प्रभु दयाल उजाला, प्रमोद बाघ, सपन जैन, यतीन्द्र चावड़ा, जितेंद्र कारिया, बंसी अग्रवाल, अभिजीत पारख, मोहित अग्रवाल, चेतन जैन, दयाराम टांक, विनोद जैन और राकेश जैन ने श्रद्धांजलि अर्पित की तथा परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त की।


