दुर्ग
12 घंटे में दोहरे हत्याकांड का खुलासा, प्रेम-प्रसंग बनी मां-बेटे की हत्या की वजह
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
उतई/दुर्ग, 24 जून। पाटन ब्लॉक के अमलेश्वर से लगे ग्राम -खम्हरिया में रहने वाले बजरंग महिलांग के घर की बाड़ी में बने दो अलग-अलग कुएं से मां-बेटे की अंधे कत्ल की गुत्थी को पुलिस ने 12 घंटे के अंदर सुलझा लिया। दोनों की हत्या किसी और ने नहीं बल्कि मृतका के प्रेमी और उसके चचेरे भाई ने मिलकर गला घोटकर हत्या की घटना को अंजाम दिया था। पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।
दुर्ग एसएसपी विजय अग्रवाल ने बताया कि रविवार को अमलेश्वर थाना क्षेत्र में खम्हरिया गांव के दो अलग-अलग कुओं में महिला और बच्चे की लाश मिलने से सनसनी फैल गई थी। इस मामले में जांच में मृतकों की पहचान मृतका सुनीता चतुर्वेदी पति स्व. दीपक चतुर्वेदी ( 32 वर्ष ) है। उसका बेटा काव्यांश चतुर्वेदी ( 8 वर्ष ) है। सुनीता के पति दीपक का कुछ वर्ष पहले निधन हो गया था और वह अपने बेटे काव्यांश के साथ रायपुर में रहती थी। सुनीता चतुर्वेदी किसी प्राइवेट स्कूल में टीचर थी। छत्रपाल से इंस्ट्राग्राम के जरिए उसकी दोस्ती हुई। धीरे धीरे यह दोस्ती प्यार में बदल गई। सुनीता चतुर्वेदी का पति नहीं था। इसलिए शायद वह छत्रपाल के साथ घर बसाना चाहती थी, लेकिन छत्रपाल ने डेढ़ माह पूर्व किसी अपने समाज की लडक़ी से शादी कर ली।
मृतका सुनीता बार-बार छत्रपाल के साथ रहने का दबाव बनाया तो उसने सुनीता और उसके बेटे को रास्ते से हटाने का इरादा कर अपने चचेरे भाई शुभम सिंगौर को तैयार किया। फिर दोनों ने सुनीता और काव्यांश की गला घोंटकर हत्या कर दी। फिर अलग अलग बोरी में लाशों को भरने के बाद पत्थर बांधकर कुओं में डाल दिया था। पुलिस ने दोनों आरोपी छत्रपाल (26वर्ष) और शुभम सिंगौर(22वर्ष) को गिरफ्तार कर लिया है।


