बस्तर

कृषि विधेयक बिल किसान विरोधी-कवासी हरीश
26-Sep-2020 8:23 PM 4
कृषि विधेयक बिल किसान विरोधी-कवासी हरीश

जगदलपुर, 26 सितम्बर। मोदी सरकार के द्वारा लाए गए तीन कृषि विधेयक बिल को जिला पंचायत अध्यक्ष सुकमा कवासी हरीश ने किसान विरोधी बताया है। उन्होंने कृषि बिल को अन्नदाता विरोधी बताया है। 

हरीश ने जारी विज्ञप्ति में कहा है कि भूपेश बघेल सरकार ने जब किसानों के धान को 2500रु क्विं. के दाम पर खरीदा,तब मोदी,भाजपा सरकार ने धान खरीदी में आपत्ति की, धान खरीदी में नियम,शर्तें थोपकर अड़ंगा लगाया।संघीय व्यवस्थाओं को दरकिनार कर, सेंट्रल पूल में चावल लेने से इंकार किया था। उस मोदी सरकार का किसानों की आय दोगुनी करने का दावा भी अच्छे दिन आएंगे के नारे की तरह ही है,जिसका इंतजार बीते छ: साल से देश की एक अरब तैंतीस करोड़ जनता आज तक कर रही है।

कवासी हरीश ने कहा कि मोदी,भाजपा सरकार असल मायने में देश के किसानों को पूंजीपतियों के सामने झुकने के लिए मजबूर बना रही है। किसानों को आत्मनिर्भर बनाने का नारा लगाने वाले,कृषि क्षेत्र को पूंजीपतियों पर निर्भर कर किसानों को गुलाम बनाने की  चाल चल रहे हैं। नए कृषि विधेयक बिल से अब किसान पूंजीपतियों पर आश्रित होंगे पूंजीपति चाहेंगे तो किसानों की फसल को खरीदेंगे पूंजीपति नहीं चाहेंगे तो किसानों की फसल खड़े-खड़े वहीं पर खराब हो जाएगी। कुल मिलाकर तो बर्बादी के अलावा इस बिल में कोई ऐसा लाभ किसानों को नहीं दिखता है। मोदी सरकार किसानों से किए वादे को पूरा करने में असफल सिद्ध हुई है और अब अपनी जिम्मेदारी से भाग रही है।किसानों के साथ धोखा,छल,कपट किया जा रहा है। कृषि विधेयक बिल भारत की आत्मा पर प्रहार है। केन्द्र सरकार से मांग करते हंै कि  किसान विरोधी कृषि विधेयक बिल को तत्काल किसानों के हित ने वापस लिया जाए ।

अन्य पोस्ट

Comments