खेल
क़तर में चल रहे फ़ुटबॉल विश्व कप में आज मोरक्को का मुक़ाबला पुर्तगाल से है.
ये पहली बार है जब कोई अरब देश फ़ीफ़ा वर्ल्ड कप के क्वार्टर फ़ाइनल में पहुंचा है.
मैच देखने के लिए मोरक्को के लोग देशभर में कैफ़े और घरों में जुट रहे हैं.
मोरक्को की राष्ट्रीय फ़ुटबॉल टीम के क्वार्टर फ़ाइनल में पहुंचने के बाद इस देश में आम जनजीवन ठहर सा गया है.
मोरक्को के प्रमुख शहर कासाब्लांका में कैफ़े अभी से भर गए हैं. परिवार और समूह यहां इकट्ठा हो रहे हैं.
मोरक्को के प्रसंशक राष्ट्रीय टीम की जर्सी पहनकर और हाथों में झंडा लिए मैच देखने की तैयारी कर रहे हैं.
बीबीसी से बात करते हुए मोरक्को की एक प्रसंशक ने कहा कि मैच देखने के लिए उन्होंने अपनी पढ़ाई छोड़ दी है.
यातायात व्यवस्था बनाए रखने के लिए शहरों में सुरक्षा बलों को सड़कों पर उतारा गया है.
मोरक्को की फ़ुटबॉल टीम को एटलस लायंस कहा जाता है. मोरक्को के लोगों को विश्वास है कि उनकी टीम 1986 का अपना करिश्मा दोहरा देगी जब उसने वर्ल्ड कप मुक़ाबले में पुर्तगाल को हरा दिया था. पुर्तगाल विश्व कप में खेल रही पसंदीदा टीमों में से एक है.
पुर्तगाल और मोरक्को के मुक़ाबले के बाद इंग्लैंड और फ्रांस के बीच आज का दूसरा क्वार्टरफ़ाइनल होगा.
इससे पहले शुक्रवार रात हुए रोमांचक मुक़ाबलों में क्रोएशिया ब्राज़ील को पेनाल्टी शूटआउट में हराकर सेमीफ़ाइनल में पहुंच गया.
वहीं दूसरे मुक़ाबले में अर्जेंटीना की टीम ने नीदरलैंड्स को पेनाल्टी शूटआउट में हरा दिया. (bbc.com/hindi)


