महासमुन्द
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
महासमुंद, 10 फरवरी। महासमुंद वनमंडल अंतर्गत अवैध वनोपज परिवहन के मामलों की निगरानी के दौरान वन विभाग द्वारा एक वाहन को जब्त किया गया है। यह कार्रवाई वनमंडलाधिकारी मयंक पांडेय के मार्गदर्शन एवं उपवनमंडलाधिकारी गोविंद सिंह के नेतृत्व में की गई।
वन विभाग से प्राप्त जानकारी के अनुसार 9 फरवरी को बागबाहरा परिक्षेत्र अंतर्गत ओडिशा सीमा पर स्थित अंतरराज्यीय वनोपज जांच नाका टेमरी में जांच के दौरान एक महिंद्रा पिकअप वाहन (राजस्थान पंजीकृत) को रोका गया। जांच के दौरान वाहन चालक द्वारा प्रस्तुत ट्रांजिट पास आम की लकड़ी के परिवहन के लिए जारी पाया गया, जो फॉरेस्ट ऑफिसर, पेंडूथी सेक्शन, विशाखापट्टनम रेंज द्वारा निर्गत था। ट्रांजिट पास के अनुसार वाहन में आम चिरान 300 नग (3.12 घनमीटर) परिवहन दर्शाया गया था।
वन अधिकारियों के अनुसार संदेह के आधार पर वाहन की विस्तृत जांच की गई, जिसमें आम चिरान के नीचे 1.85 घनमीटर सागौन चिरान छिपाकर परिवहन किया जाना पाया गया। विभाग के अनुसार सागौन चिरान का परिवहन बिना वैध अनुमति किया जा रहा था।
वन विभाग ने बताया कि यह कृत्य भारतीय वन अधिनियम, 1927 के प्रावधानों के उल्लंघन की श्रेणी में आता है। इसके तहत अवैध सागौन चिरान सहित वाहन को जब्त किया गया। मामले में वन अपराध क्रमांक 22663-05 दिनांक 9 फरवरी 2026 पंजीबद्ध कर नियमानुसार वैधानिक कार्रवाई प्रारंभ की गई है।
विभाग के अनुसार अवैध सागौन परिवहन में प्रयुक्त वाहन को राजसात किए जाने की प्रक्रिया प्रचलित है। इस कार्रवाई में बागबाहरा परिक्षेत्र अधिकारी लोकनाथ ध्रुव, डिप्टी रेंजर दुलार सिन्हा, फॉरेस्ट गार्ड खेमराज साहू सहित जांच नाका टेमरी में पदस्थ कर्मचारी उपस्थित रहे।
वन विभाग ने बताया कि अवैध वनोपज परिवहन के मामलों में आगे भी नियमानुसार कार्रवाई जारी रखी जाएगी।


