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अब तक 9 आरोपी पकड़े गए, हथियारों का जखीरा बरामद
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
बिलासपुर, 2 नवंबर। मस्तूरी में हुए चर्चित शूटआउट मामले में बिलासपुर पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए कांग्रेस नेता अकबर खान और एक ढाबा संचालक को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने इस प्रकरण में अब तक कुल 9 आरोपियों की गिरफ्तारी कर ली है। मामले में अब संगठित अपराध की धाराएं जोड़ी गई हैं।
एसएसपी रजनेश सिंह द्वारा गठित विशेष टीम ने आरोपियों की धरपकड़ के लिए शहरभर में सैकड़ों सीसीटीवी फुटेज खंगाले और घटनाक्रम की कड़ी से कड़ी जोड़ते हुए दो और आरोपियों अकबर खान (निवासी शिव विहार, सरकंडा) और देवेश सुमन उर्फ निक्कु सुमन (निवासी मोहतरा, मस्तूरी) को गिरफ्तार किया।
इससे पहले पुलिस ने मुख्य आरोपी विश्वजीत अनंत और उसके भाइयों अरमान उर्फ बलमजीत अनंत, चाहत उर्फ विक्रमजीत, ब्रायनजीत उर्फ आरजू के साथ-साथ अन्य साथियों मोहम्मद मुस्तकीम, मोहम्मद मतीन और एक किशोर को गिरफ्तार किया था।
घटना के बाद पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से अब तक तीन देशी पिस्टल, दो कट्टे, छह मैगजीन, पांच जिंदा कारतूस, 13 खाली खोखे और पांच मोबाइल फोन जब्त किए हैं।
28 अक्टूबर की शाम मस्तूरी जनपद उपाध्यक्ष नितेश सिंह पर उनके विरोधियों ने ताबड़तोड़ गोलियां चलाईं। गोलीबारी में उनके साथी राजू सिंह और चंद्रभान सिंह घायल हो गए थे। पुलिस जांच में सामने आया कि यह हमला राजनीतिक वर्चस्व और जमीन विवाद के चलते रचा गया षड्यंत्र था।
मुख्य आरोपी विश्वजीत अनंत ने अपने साथियों के साथ मिलकर नितेश सिंह की रेकी की और मौका देखकर फायरिंग की। घटना के 24 घंटे के भीतर पुलिस ने सात आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया था, जबकि आगे की जांच में अकबर खान और देवेश सुमन की भूमिका भी उजागर हुई।
कांग्रेस नेता अकबर खान का आपराधिक इतिहास काफी लंबा रहा है। वह पहले भी कई गंभीर मामलों में आरोपी रह चुका है। करीब दो साल पहले सकरी क्षेत्र में एक युवक की आत्महत्या और सरकंडा इलाके के एक कांग्रेस कार्यकर्ता की आत्महत्या के मामलों में उसका नाम सामने आया था। प्रताड़ना से तंग आकर आत्महत्या करने वाले दोनों व्यक्तियों के प्रकरण में पुलिस ने अकबर खान को गिरफ्तार कर जेल भेजा था।
इसके अलावा उस पर हत्या के प्रयास, मारपीट और जमीन कब्जे जैसे मामलों में भी अपराध दर्ज हो चुके हैं। कुछ समय पहले वह आत्महत्या प्रकरण में जेल में था और हाल ही में उसकी जमानत हुई है। पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, अकबर खान का नाम लगातार विवादों और आपराधिक घटनाओं से जुड़ता रहा है।
पुलिस ने बताया कि आरोपियों के खिलाफ जिले के विभिन्न थानों में पहले से गंभीर अपराध दर्ज हैं। मामले की गंभीरता को देखते हुए अब इसमें धारा 111 बी.एन.एस. (संगठित अपराध) जोड़ी गई है। पुलिस का कहना है कि अन्य सहयोगियों की पहचान कर उनके खिलाफ भी सख्त कार्रवाई की जाएगी।


